कोढ़ा कोढ़ा प्रखंड सहित आसपास के क्षेत्रों में शनिवार की रात तेज हवाओं के साथ हुई मूसलाधार बारिश ने जहां एक ओर लोगों को गर्मी से राहत दी. किसानों के लिए यह बारिश मुसीबत बनकर आयी. खेतों में खड़ी गेहूं और मक्का की फसलें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं. मक्का की फसल लगभग तैयार है. गेहूं की कटाई का भी दौर चल रहा है. बारिश और हवाओं ने दोनों ही फसलों को गंभीर नुकसान पहुंचाया है. कई किसानों की कटी हुई गेहूं की फसल खेतों में ही भीग गयी. जिससे उसके खराब होने का खतरा है. मक्का की फसलें गिर गई हैं. कई स्थानों पर पानी भरने से सड़ने की आशंका है. किसानों शिव शंकर साह, इम्तियाज, देवेंद्र गुप्ता, बिनोद, भोला हसदा, गोपी साह, महेंद्र साह ने बताया कि बारिश से फसलों को व्यापक नुकसान हुआ है. किसानों का कहना है कि बुवाई से लेकर फसल तैयार करने तक काफी मेहनत और लागत लगती है. लेकिन एक बेमौसम बारिश सारी मेहनत पर पानी फेर देती है. आम के पेड़ों में फूल और छोटे फल लगे हुए हैं. जो तेज हवा और बारिश के कारण झड़ गए हैं. हालांकि मखाना की खेती करने वाले किसानों के लिए यह बारिश फायदेमंद साबित हो सकती है.
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