झंझारपुर : जिला सहित नेपाल के क्षेत्र में दो दिन से लगातार हो रही झमाझम बारिश से कमला नदी उफना गयी है. झंझारपुर में कमला नदी एक बार फिर खतरे के निशान से उपर बहने लगी है. जानकारी के अनुसार कमला बलान नदी खतरे निशान से करीब एक फुट उपर बह रही है. बाढ़ की आशंका से लोग दहशत में हैं. जिला प्रशासन ने भी बारिश को लेकर रेड अलर्ट कर दिया है.
विभाग के कार्यपालक अभियंता प्रिय शंकर अप्पू ने बताया कि कमला बलाननदी में बीती रात से जल स्तर का बढ़ना जारी है. कमला बलान नदी खतरे निशान से करीब एक फुट ऊपर चला गया है. प्रशासन हर स्तर पर चौकसी बरत रही है. तटबंध पर रेनकट की स्थित पर भी नजर बनाया गया है. कहीं भी अब खतरे की बात नही है. जहां-जहां रेन कट हुआ है, वहां पर मिट्टी एवं बोरा दिया जा रहा है. कार्यपालक अभियंता ने बताया नेपाल के तराई क्षेत्र में भी बारिश हो रही है. जिस कारण कमला नदी में पानी बढ़ना जारी है.
इधर, कमला नदी के तटबंध के अंदर बसे गांव के लोगों में दहशत बना हुआ है. बाढ़ की आशंका को देखते तुलसी टोल मेहथ नवटोलिया के लोग सुरक्षित स्थान पर आसरा लेने के लिए अपने सामान समेटने में लगे हैं. वहीं, मूसलाधार बारिश ने शहरी क्षेत्र के सड़क व ग्रामीण क्षेत्र के गलियों व खेतों की सूरत बिगाड़ दी है. बुधवार सुबह से ही लगातार लगातार हुई बारिश ने जहां गर्मी से निजात मिली है, वहीं, नगर क्षेत्र के सड़कों पर पानी का सैलाब ला दिया है.
वही बारिश के साथ आई तेज हवा ने धान की फसल को भी क्षति पहुंचाई है. धान की लहलहाती फसल जमीन पर गिर गया है. जिससे किसान निराश हैं. मौसम विभाग की घोषणा अनुसार 27 सितंबर तक भारी बारिश होने की संभावना है.
इधर जयनगर प्रखंड के रजौली पंचायत के परसा गांव में गुरुवार की सुबह मूसलाधार बारिश व तेज हवा के कारण दो परिवार का चार घर गिरकर पूरी तरह नष्ट हो गया. सुबह में तेज हवा व भारी बारिश होने से मो. अब्दुल जलील के पुत्र ओमैस अख्तर एवं जमील अख्तर का दो दो खपरैल घर पूरी तरह ध्वस्त हो गया.
घर में रखे हजारों रुपये का सामान भी बर्बाद हो गया है. गृहस्वामी ओमैस अख्तर एवं जमील अख्तर ने सीओ को आवेदन देकर घटना की देते हुए मुआवजे की मांग की है. आवेदन मिलने के बाद सीओ संतोष कुमार ने राजस्व कर्मचारी को जांच कर प्रतिवेदन सौंपने का निर्देश दिया है.
posted by ashish jha
