=दुमदुम में विधिक जागरूकता शिविर में दी गयी जानकारी भभुआ सदर. प्रधान जिला व सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार कैमूर के निर्देश व सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के मार्गदर्शन में रविवार को भभुआ प्रखंड के पंचायत भवन दुमदुम में विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया. शिविर का मुख्य विषय कामर्शियल डिस्प्यूट, प्री-इंस्टीट्यूशन मेडिएशन एंड सेटलमेंट व मध्यस्थता रहा. कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए पैनल अधिवक्ता अमियाशंकर उपाध्याय ने कहा कि व्यापारिक लेन-देन और कामर्शियल विवादों को कोर्ट की लंबी प्रक्रिया में ले जाने के बजाय मध्यस्थता के माध्यम से सुलझाना कहीं अधिक फायदेमंद है. उन्होंने प्री-इंस्टीट्यूशन मेडिएशन के बारे में विस्तार से बताते हुए कहा कि कामर्शियल कोर्ट एक्ट के तहत अब कई मामलों में केस दर्ज करने से पहले मध्यस्थता की प्रक्रिया अपनाना अनिवार्य है, ताकि समय और धन दोनों की बचत हो सके. पीएलवी मुन्ना प्रजापति ने ग्रामीणों को जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा दी जाने वाली विभिन्न निःशुल्क सेवाओं के बारे में जागरूक किया. बताया कि समाज का कोई भी कमजोर वर्ग या व्यक्ति कानूनी सलाह के लिए सीधे डीएलएसए कार्यालय से संपर्क कर सकता है. जागरूकता कार्यक्रम में ग्रामीणों के कानूनी शंकाओं का समाधान भी किया गया और उन्हें बताया गया कि लोक अदालत और मध्यस्थता केंद्र किस प्रकार उनके विवादों का स्थायी समाधान करने में सहायक हैं.
व्यावसायिक विवादों के त्वरित समाधान के लिए मध्यस्थता सबसे सशक्त माध्यम
दुमदुम में विधिक जागरूकता शिविर में दी गयी जानकारी
