Arwal News : अरवल जिले में खाद की किल्लत के बीच किसानों की परेशानी बढ़ती जा रही है. एक ओर किसान यूरिया के लिए दुकानों के चक्कर लगा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कुछ दुकानदारों पर निर्धारित दर से अधिक कीमत वसूलने और जबरन अन्य कृषि सामग्री खरीदने का आरोप लग रहा है. खाद की कालाबाजारी को लेकर कृषि विभाग ने अब सख्त रुख अपनाया है. विभागीय जांच में शिकायत सही पाए जाने पर दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है.
जिला कृषि पदाधिकारी रंजीत कुमार झा ने बताया कि खाद की अधिक कीमत वसूलने और अनियमितता की शिकायत मिलने पर दुकानों की जांच कराई जा रही है. शिकायत सही पाए जाने पर संबंधित दुकानदार के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है. अब तक जिले में दो दुकानों का प्राधिकार रद्द किया जा चुका है, जबकि 11 दुकानों का प्राधिकार निलंबित किया गया है.
266 की यूरिया 400 रुपये में बेचने का आरोप
किसानों का आरोप है कि 266 रुपये प्रति बोरा की सरकारी दर वाली यूरिया खाद कई दुकानदार करीब 400 रुपये में बेच रहे हैं. इससे किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है. किसानों का कहना है कि धान की रोपनी के बाद खेतों में सोहनी का काम पूरा हो चुका है. अब धान की हरियाली बनाए रखने के लिए यूरिया की जरूरत है, लेकिन निर्धारित दर पर खाद नहीं मिल रही है. कई दुकानों का चक्कर लगाने के बाद भी किसानों को अधिक कीमत पर यूरिया खरीदनी पड़ रही है.
जिंक और कीटनाशक खरीदने का भी दबाव
किसानों ने यह भी आरोप लगाया कि कुछ दुकानदार खाद देने के बदले जबरन जिंक और कीटनाशक खरीदने की शर्त रख रहे हैं. जो किसान अतिरिक्त कृषि सामग्री खरीदने से इनकार करते हैं, उन्हें खाद नहीं दी जाती. इससे किसानों की परेशानी और बढ़ गई है.
इन दुकानों पर हुई कार्रवाई
जिला कृषि पदाधिकारी के अनुसार मेसर्स चीकू प्रियदर्शी और मेसर्स खुशी इंटरप्राइजेज का प्राधिकार रद्द कर दिया गया है.वहीं, मेसर्स सिंह खाद भंडार, अरवल प्रखंड, मेसर्स इंदु कृषि उद्यमी सेवा केंद्र, कलेर, मेसर्स रंजीत खाद दुकान, करपी, मेसर्स नीतीश खाद भंडार, करपी, मेसर्स लारी खाद भंडार, कुर्था, मेसर्स खुशी इंटरप्राइजेज, करपी, मेसर्स नारायण खाद भंडार, अरवल, मेसर्स मां शांति ट्रेडर्स, कुर्था, मेसर्स मां काली इंटरप्राइजेज, वंशी, मेसर्स कुमार ट्रेडर्स, वंशी और मेसर्स मां गायत्री इंटरप्राइजेज का प्राधिकार निलंबित किया गया है.
निर्धारित दर पर खाद देना होगा : कृषि पदाधिकारी
जिला कृषि पदाधिकारी रंजीत कुमार झा ने स्पष्ट किया कि किसानों को खाद हर हाल में निर्धारित सरकारी दर पर उपलब्ध करानी होगी. उन्होंने कहा कि किसी दुकानदार द्वारा गलत कीमत पर खाद बेचने या किसानों के साथ किसी तरह की अनियमितता करने की शिकायत मिलती है और जांच में आरोप सही पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.
