जमुई. जिला विधिक सेवा प्राधिकार के तत्वावधान में शनिवार को जिले के गिद्धौर प्रखंड की मौरा पंचायत अंतर्गत बंधौरा गांव में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया. शिविर का मुख्य विषय "वृद्ध आश्रम एवं आश्रय गृह में रह रही विधवा महिलाओं के लिए विधिक सेवा योजना " रहा. संचालन जिला विधिक सेवा प्राधिकार के पैनल अधिवक्ता पंकज कुमार शर्मा एवं पारा विधिक स्वयंसेवक प्रफुल्ल कुमार ने किया. शिविर को संबोधित करते हुए पैनल अधिवक्ता पंकज कुमार शर्मा ने कहा कि सामाजिक और पारिवारिक परिस्थितियों के कारण कई विधवा महिलाएं आश्रय गृह अथवा वृद्धाश्रम में रहने को विवश हो जाती हैं. ऐसी महिलाओं को न्याय सुलभ कराने के लिए राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की योजनाओं के तहत जिला विधिक सेवा प्राधिकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है.
पात्र महिलाओं की कानूनी सहायता की जाती है
पात्र महिलाओं को संपत्ति विवाद, उत्तराधिकार, भरण-पोषण, सिविल वाद समेत विभिन्न न्यायिक मामलों में निःशुल्क अधिवक्ता और कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जाती है. इसके अलावा सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं जैसे वृद्धा पेंशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, राशन कार्ड सहित अन्य लाभ दिलाने में भी जिला विधिक सेवा प्राधिकार सहयोग करता है. शिविर में बताया गया कि जरूरतमंद महिलाओं को आधार कार्ड, वोटर आईडी, पैन कार्ड बनवाने तथा बैंक खाता खुलवाने जैसी आवश्यक प्रक्रियाओं में भी सहायता उपलब्ध कराई जाती है. निःशुल्क कानूनी सहायता के लिए महिलाएं जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पैनल अधिवक्ताओं या पारा विधिक स्वयंसेवकों से संपर्क कर सकती हैं.
नालसा के हेल्पलाइन नंबर पर लें कानूनी मदद
नालसा के ऑनलाइन पोर्टल एवं टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 15100 पर संपर्क कर भी विधिक सहायता प्राप्त की जा सकती है. कार्यक्रम में वार्ड सदस्य कन्हैया मंडल सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया और विधिक अधिकारों एवं सरकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्राप्त की. शिविर के माध्यम से ग्रामीण महिलाओं को न्याय तक आसान पहुंच और उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने का संदेश दिया गया.
