जमुई से गुलशन कश्यप की रिपोर्ट.
Bihar MLC Election: बिहार विधान परिषद चुनाव को लेकर एनडीए और महागठबंधन के भीतर उम्मीदवारों के नामों पर मंथन जारी है. इस बीच लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) की ओर से चिराग पासवान के भांजे सीमांत मृणाल उर्फ प्रिंस पासवान को विधान परिषद भेजे जाने की चर्चाएं तेज हो गई हैं. हालांकि पार्टी की ओर से अभी तक किसी नाम की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है. जमुई सांसद अरुण भारती ने इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देते हुए साफ कहा कि अंतिम फैसला राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान ही करेंगे.
बिहार विधान परिषद चुनाव को लेकर बढ़ी सियासी हलचल
बिहार विधान परिषद की रिक्त सीटों को लेकर सभी राजनीतिक दल अपने-अपने स्तर पर रणनीति बनाने में जुटे हैं. एनडीए के घटक दलों में भी संभावित उम्मीदवारों के नामों को लेकर चर्चाएं जारी हैं. राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि जेडीयू कोटे से स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार और राष्ट्रीय लोक मोर्चा की ओर से दीपक प्रकाश को विधान परिषद भेजा जा सकता है.
इसी क्रम में लोजपा (रामविलास) की ओर से सीमांत मृणाल का नाम भी प्रमुखता से सामने आ रहा है. हालांकि अभी तक पार्टी नेतृत्व की ओर से किसी नाम पर मुहर नहीं लगी है.
अरुण भारती बोले- फैसला चिराग पासवान का विशेषाधिकार
जमुई में आयोजित एक कार्यक्रम में पहुंचे सांसद अरुण भारती से जब सीमांत मृणाल के संभावित उम्मीदवार बनने को लेकर सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा कि विधान परिषद का सदस्य कौन बनेगा, यह पूरी तरह पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान का विशेषाधिकार है.
उन्होंने कहा कि पहले एनडीए के वरिष्ठ नेताओं के बीच चर्चा होगी. उसके बाद सभी दलों के राष्ट्रीय अध्यक्ष अपने-अपने उम्मीदवारों की घोषणा करेंगे. जब तक आधिकारिक घोषणा नहीं हो जाती, तब तक किसी भी नाम पर अटकलें लगाना उचित नहीं होगा.
रोहिणी आचार्य को लेकर भी दिया जवाब
सांसद अरुण भारती से राजद सुप्रीमो लालू यादव के सिंगापुर दौरे और रोहिणी आचार्य को एमएलसी बनाए जाने की चर्चाओं पर भी सवाल किया गया. इस पर उन्होंने कहा कि यह पूरी तरह परिवार का मामला है और इस पर टिप्पणी करना उचित नहीं होगा.
गौरतलब है कि न्यायालय से राहत मिलने के बाद लालू यादव के सिंगापुर जाने की चर्चा है. राजनीतिक हलकों में यह भी कयास लगाए जा रहे हैं कि वे रोहिणी आचार्य को सक्रिय राजनीति में नई भूमिका देने को लेकर बातचीत कर सकते हैं.
घोषणा से पहले अटकलों का दौर जारी
फिलहाल बिहार विधान परिषद चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं. विभिन्न दलों में संभावित उम्मीदवारों के नामों पर चर्चाएं जारी हैं. हालांकि अंतिम तस्वीर उम्मीदवारों की आधिकारिक घोषणा के बाद ही साफ हो पाएगी.
