Bihar News: बिहार सरकार ने राज्य में औद्योगिक विकास और निवेश को बढ़ावा देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है. मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई. इनमें सबसे खास फैसला वैशाली जिले के हाजीपुर में राष्ट्रीय खाद्य प्रौद्योगिकी उद्यमिता एवं प्रबंधन संस्थान यानी NIFTEM की स्थापना को लेकर लिया गया.
सरकार ने इसके लिए 100 एकड़ जमीन भारत सरकार को मुफ्त देने की सैद्धांतिक मंजूरी दी है. माना जा रहा है कि इस फैसले से बिहार में फूड प्रोसेसिंग सेक्टर को नई रफ्तार मिलेगी.
हाजीपुर बनेगा फूड प्रोसेसिंग का बड़ा केंद्र
हाजीपुर में विकसित किए जा रहे औद्योगिक क्षेत्र में NIFTEM की स्थापना की जाएगी. भूमि चयन को लेकर अंतिम फैसला आधारभूत संरचना विकास प्राधिकार, बिहार, पटना के निदेशक मंडल द्वारा लिया जाएगा. सरकार का मानना है कि इस संस्थान के बनने से बिहार में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग को मजबूती मिलेगी और निवेशकों के लिए बेहतर माहौल तैयार होगा.
चिराग पासवान ने जताई खुशी
केंद्रीय मंत्री और हाजीपुर सांसद चिराग पासवान ने बिहार सरकार के इस फैसले का स्वागत किया है. उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए खुशी जाहिर करते हुए कहा कि हाजीपुर में NIFTEM की स्थापना पूरे बिहार के लिए गर्व की बात है. उन्होंने मुख्यमंत्री के प्रति आभार जताते हुए कहा कि यह संस्थान राज्य के युवाओं के लिए रोजगार और कौशल विकास के नए अवसर खोलेगा.
युवाओं और किसानों को मिलेगा फायदा
चिराग पासवान ने कहा कि NIFTEM के शुरू होने से खाद्य प्रसंस्करण, उद्यमिता, रिसर्च और तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा मिलेगा. स्थानीय युवाओं को बेहतर ट्रेनिंग और रोजगार के अवसर मिलेंगे. साथ ही किसानों को भी अपने उत्पादों का बेहतर दाम और आधुनिक तकनीक का लाभ मिल सकेगा. इससे कृषि आधारित उद्योगों को भी मजबूती मिलेगी.
बिहार को मिलेगी नई पहचान
चिराग पासवान ने कहा कि NIFTEM की स्थापना से बिहार देश के अग्रणी फूड प्रोसेसिंग राज्यों में अपनी अलग पहचान बना सकेगा. उन्होंने इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को मजबूत करने वाला कदम बताया. माना जा रहा है कि यह परियोजना आने वाले समय में बिहार के औद्योगिक विकास की तस्वीर बदल सकती है.
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