Gopalganj News : कृषि विभाग में डाटा इंट्री ऑपरेटर का फर्जी नियुक्तिपत्र लेकर ज्वाइन करने पहुंच रहे युवा

Gopalganj News : भोले-भाले बेरोजगार युवकों को नौकरी दिलाने के नाम पर एक और फ्रॉड सामने आया है. कृषि विभाग में डाटा इंट्री ऑपरेटर की नियुक्ति के नाम पर दो से ढाई लाख रुपये लेकर पटना के एक संस्था के द्वारा युवकों को कृषि विभाग में नियुक्ति कराया जा रहा है.

गोपालगंज. भोले-भाले बेरोजगार युवकों को नौकरी दिलाने के नाम पर एक और फ्रॉड सामने आया है. कृषि विभाग में डाटा इंट्री ऑपरेटर की नियुक्ति के नाम पर दो से ढाई लाख रुपये लेकर पटना के एक संस्था के द्वारा युवकों को कृषि विभाग में नियुक्ति कराया जा रहा है.

नियुक्ति पत्र को फर्जी मानकर डीइओ ने ज्वाइनिंग पर लगायी रोक

बजाप्ता इंटरव्यू, टाइपिंग टेस्ट के बाद लैपटॉप देकर कृषि विभाग के ब्लॉक में डाटा इंट्री ऑपरेटर का नियुक्ति पत्र मेल पर भेज कर योगदान कराया जा रहा है. युवकों को 85 सौ रुपये महीना पेमेंट भी नियुक्ति पत्र में दर्ज है. बरौली के बाद मांझा में अंकित के बाद थावे में निशा कुमारी नाम की युवती योगदान करने पहुंची, तो कृषि विभाग के अधिकारी हैरत में पड़ गये. प्रथम द्रष्टया नियुक्ति पत्र को फर्जी मानकर इस नियुक्ति पत्र पर डीएओ ललन कुमार सुमन ने ज्वाइनिंग कराने पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है. डीएओ ने मामले में विभाग के वरीय अधिकारियों से जानकारी ली, तो पता चला कि ऐसी किसी तरह की नियुक्ति नहीं हो रही. यह फ्रॉड है. सरकारी नौकरी के झांसे में आने वाले युवा लाखों रुपये खर्च करने के बाद अब ठगी के शिकार हो गये है. उनको अभी भरोसा नहीं हो रहा कि उनके साथ बड़ा फ्रॉड हो गया है.

थावे में ज्वाइनिंग के दौरान खुली फ्रॉड की पोल

मांझा के सुदा साह के टोला के रहने वाली निशा कुमारी ग्रेजुएट है. हिंदी व अंग्रेजी का टाइपिंग भी बेहतर है. परिवार मिडिल क्लास का है. उसको कृषि विभाग में डाटा इंट्री ऑपरेटर के पद पर नियुक्ति किया गया. पटना के बोरिंग रोड में मंत्रा नाम के संस्थान के द्वारा इंटरव्यू लिया गया. टाइपिंग टेस्ट लिया गया. उसके बाद उसको बजाप्ता नियुक्ति पत्र दे दिया गया. एक पुराना लैपटॉप दिया गया कि इसी लैपटॉप से काम होगा. निशा अपना नियुक्ति पत्र लेकर जब थावे पहुंची, तो बीएओ ने जिला कृषि पदाधिकारी ललन कुमार सुमन से संपर्क किया. इसके बाद फ्रॉड का खुलासा हुआ.

मांझा के कोचिंग संचालक की मुख्य भूमिका

फ्रॉड के शिकार हुए युवकों की मानें, तो मांझा बाजार में कोचिंग चलाने वाले शेखटोली गांव के रहने वाले युवक की मुख्य भूमिका है. उसी के द्वारा भोले- भाले युवकों को कृषि विभाग में डाटा इंट्री ऑपरेटर के पद पर नियुक्ति का झांसा देकर पटना ले जाकर बोरिंग रोड में मंत्रा के कार्यालय में नालंदा के रहने वाले चंदन से मिलवा कर नियुक्ति करा रहा है. अब तक कई युवक फ्रॉड के शिकार हो चुके हैं.

एक्शन में आया विभाग

डाटा इंट्री ऑपरेटर के पद पर युवकों से धोखाधड़ी का मामला सामने आया है. डीएओ ललन कुमार सुमन ने बताया कि नियुक्ति पत्र को देखने ही फर्जी लगा. उसपर ना तो मुहर है ना ही साइन है. विभाग में ऐसी कोई बहाली नहीं हुई है. मामला सामने आने के बाद विभाग एक्शन मोड में आ गया है. उधर, डीएम प्रशांत कुमार सीएच से संपर्क करने पर उनके द्वारा बताया गया कि इसकी जांच कर दोषी पर कार्रवाई की जायेगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: GURUDUTT NATH

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >