Samriddh Mahila Samriddh Bihar: रक्षाबंधन के अवसर पर गुरुवार को पटना के बापू सभागार से “समृद्ध महिला, समृद्ध बिहार” अभियान का शुभारंभ किया गया. इस कार्यक्रम से गोपालगंज समाहरणालय स्थित एनआइसी कक्ष से जिला पदाधिकारी समीर सौरभ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े. जिले की महिला लाभुकों ने भी वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम में भाग लिया.
अभियान का उद्देश्य महिलाओं को स्वरोजगार और आजीविका के अवसरों से जोड़कर आर्थिक रूप से सशक्त, आत्मनिर्भर और स्वावलंबी बनाना है. इसके तहत महिलाओं को उनकी रुचि और स्थानीय जरूरतों के अनुरूप रोजगार शुरू करने तथा मौजूदा व्यवसाय के विस्तार के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध करायी जा रही है.
5,920 महिलाओं के खाते में पहुंची पहली किस्त
मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत जिले में अब तक 3,38,201 महिला लाभुकों को लाभ मिल चुका है. गुरुवार को जिले की 5,920 महिलाओं के खाते में स्वरोजगार शुरू करने के लिए प्रथम किस्त के रूप में 10-10 हजार रुपये भेजे गये. वहीं, स्वरोजगार शुरू कर चुकी 523 महिलाओं को व्यवसाय विस्तार के लिए द्वितीय किस्त के रूप में 20-20 हजार रुपये प्रदान किये गये.
इस राशि का उपयोग महिलाएं सिलाई-कढ़ाई, पशुपालन, किराना दुकान समेत अन्य स्थानीय स्वरोजगार गतिविधियां शुरू करने या पहले से संचालित व्यवसाय का विस्तार करने में कर सकेंगी.
जीविका निधि से व्यवसाय विस्तार को मिलेगा बढ़ावा
कार्यक्रम के दौरान जीविका निधि का भी शुभारंभ किया गया. गोपालगंज जिले में प्राप्त 291 आवेदनों में से प्रथम चरण में 25 लाभुकों को कुल 1 करोड़ 10 लाख रुपये का ऋण उपलब्ध कराया गया. योजना का उद्देश्य छोटे व्यवसायों और आजीविका से जुड़ी गतिविधियों के विस्तार के लिए महिलाओं को वित्तीय सहयोग उपलब्ध कराना है.
महिला सशक्तीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल
डीएम समीर सौरभ ने कहा कि महिलाओं को सरकारी योजनाओं का लाभ पारदर्शी और सुगम तरीके से उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है. उन्होंने लाभुक महिलाओं से प्राप्त राशि का सदुपयोग कर अपने व्यवसाय को आगे बढ़ाने की अपील की. साथ ही अन्य महिलाओं को भी स्वरोजगार के लिए प्रेरित करने को कहा.
इसे भी पढ़ें: "हिरासत" के दावों पर मचा बवाल! जानिए पटना BPSC प्रदर्शन में छाए 6 साल के आदित्य की पूरी कहानी
