परसा में डॉक्टर पर हमले की घटना पर आइएमए गंभीर
गोपालगंज : सारण के परसा में डॉक्टर पर हुए जानलेवा हमला की घटना के बाद आइएमए गंभीर हो गया है. आइएमए ने इस घटना पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा है कि आज अस्पतालों में काम करने वाले डॉक्टर खौफ के बीच काम कर रहे हैं. कब उन पर किस बात को लेकर हमला हो जाये, कहना मुश्किल है. घटना के बाद डॉक्टर हड़ताल पर जाते है. इससे हजारों पीड़ित लोगों को परेशानी होती है. उक्त बातें आइएमए के सचिव डॉ बीपी सिंह ने पत्रकारों से कहीं.
उन्होंने कहा मरीज के अस्पताल में पहुंचते ही डॉक्टर चाहता है कि उसकी जान बचायी जाये. मौत को तो कोई भी डॉक्टर नहीं रोक सकता है. मौत के बाद डॉक्टर पर हमला करना गलत है. राज्य में डॉक्टर, प्रोफेसर, इंजीनियर बुद्धिजीवी सुरक्षित नहीं हैं. मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट को पुलिस जल्दी से प्रयोग नहीं कर पा रही. डॉक्टरों पर हमला की घटना के बाद हमलावरों की भी प्राथमिकी दर्ज कर डॉक्टरों को मानसिक रूप से उत्पीड़न का शिकार बनाया जा रहा है. नहीं चाह कर भी हमें अपनी बातों को पहुंचाने के लिए आंदोलन करना पड़ रहा है.
डॉ सिंह ने बताया कि ऐसी घटना के लिए समाज में कोई जगह नहीं होनी चाहिए. डॉक्टरों की सुरक्षा आम लोगों की जवाबदेही है.समाज के लोगों को अपना सोच बदलना होगा. अगर डॉक्टर की लापरवाही से किसी मरीज की मौत होती है, तो इसके लिए कानूनी प्रक्रिया को अपनाया जाये. उन पर वरीय अधिकारियों से शिकायत दर्ज करायी जाये.मुकदमा किया जाये, उपभोक्ता फोरम में जा सकते हैं, लेकिन हमला की घटना की आइएमए निंदा करती है.
