आफत. कश्मीर में हो रही बर्फबारी से अभी और बढ़ेगी ठंड
गोपालगंज : कश्मीर में हो रही बर्फबारी का असर उत्तर बिहार में भी कम नहीं है. मौसम पल-पल अपना रंग बदल रहा है. पछिया हवा कहर बन कर लोगों की मुश्किलें बढ़ा रही है. सबसे अधिक परेशानी रात में रिक्शाचलाने वाले और राहगीरों को झेलनी पड़ रही है. सदर अस्पताल में आनेवाले मरीजों को भी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा. शुक्रवार को पूरे दिन आंशिक रूप से बादल छाये रहे. पछिया हवा 12.2 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलती रही. अधिकतम तापमान 17.8 तथा न्यूनतम तापमान 8.6 डिग्री आंका गया. आद्रता 100 फीसदी रही. दिन एक बजे तक बदली और हवा के नाते मौसम सर्द था. दिन करीब 11 बजे के आसपास निकली धूप कुछ घंटों के लिए थी. इसका असर अधिकतम तापमान पर भी दिखा. जिससे अधिकतम तापमान 16.6 से बढ़कर 17.8 डिसे पहुंच गया.
मौसम विज्ञानी एसएन पांडेय की मानें तो शनिवार को भी मौसम कमोबेश पिछले दिनों की तरह ही रहेगा. इसके बाद कोहरा कम होगा, पर आंशिक बदली रहेगी. मौसम खुलने पर न्यूनतम तापमान एक बार तेजी से गिर सकता है.11 जनवरी से पछुआ हवा जोर पकड़ेगी. पहाड़ों पर बर्फबारी जारी है. लिहाजा वहां से आने वाली सर्द हवाओं के नाते न्यूनतम तापमान अप्रत्याशित रूप से घट सकता है. माना जा रहा है कि खिचड़ी तक न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस से नीचे आ सकता है. सदर अस्पताल में आनेवाले मरीजों के लिए अलाव की व्यवस्था नहीं होने से उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा. दिन में तो किसी तरह काम चल जा रहा है, लेकिन रात में मुश्किलें बढ़ जाती हैं. सदर अस्पताल में मरीजों के साथ आनेवाले अभिभावकों को सर्द भरी रात में कांपने की मजबूरी हो रही है.
यहां नगर पर्षद या अस्पताल प्रशासन की तरफ से अलाव की व्यवस्था नहीं की गयी है, जिसके कारण मरीजों और उनके परिजनों के सामने पूस की रात जानलेवा बनी हुई है.थावे रेलवे स्टेशन पर अलाव की व्यवस्था नहीं है. यहां रात में ट्रेन पकड़ने वाले यात्रियों को काफी कठिनाई हो रही है. यात्रियों को रात में ट्रेन से उतरने के बाद भी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा. थावे रेल प्रशासन के द्वारा अलाव के प्रति कोई व्यवस्था नहीं की गयी है.
