मुकेश सहनी की आत्महत्या की धमकी का मामला बैंकर्स समिति में गूंजा

मुकेश सहनी की आत्महत्या की धमकी का मामला बैंकर्स समिति में गूंजा बैंक लोन न मिलने से हताश मुकेश ने मुजफ्फरपुर डीएम के सामने प्रदर्शन और तोड़-फोड़ भी की थी नोडल पदाधिकारी की पहल पर एक दिन में मुकेश को मिला 25 लाख रुपये का बैंक लोन पीएमजीएसवाइ के तहत मसाला उद्योग खोलने के लिए […]

मुकेश सहनी की आत्महत्या की धमकी का मामला बैंकर्स समिति में गूंजा बैंक लोन न मिलने से हताश मुकेश ने मुजफ्फरपुर डीएम के सामने प्रदर्शन और तोड़-फोड़ भी की थी नोडल पदाधिकारी की पहल पर एक दिन में मुकेश को मिला 25 लाख रुपये का बैंक लोन पीएमजीएसवाइ के तहत मसाला उद्योग खोलने के लिए मुकेश को तीन वर्षों तक लोन के लिए करना पड़ा इंतजार मुजफ्फरपुर, नार्थ बिहार ग्रामीण बैंक में लटका था मुकेश सहनी का उद्योग-ऋण का मामला संवाददाता, पटना उद्योग लगाने को बैंकों से ऋण नहीं मिलने से हताश मुजफ्फरपुर के मुकेश सहनी की आत्महत्या करने की धमकी का मामला बैंकर्स समिति और उद्योग विभाग की संयुक्त बैठक में भी गूंजा. मुकेश की धमकी का यह असर हुआ कि उद्योग निदेशक को बैंकर्स कमेटी की बैठक में नोडल पदाधिकारियों को उनके मामले की समीक्षा कर समाधान निकालने का निर्देश देना पड़ा. नोडल पदाधिकारी ने नाॅर्थ बिहार ग्रामीण बैंक, मुजफ्फरपुर के खिलाफ एफआइआर दर्ज करायी, तब जा कर मुकेश सहनी को 25 लाख का लोन सेंक्शन हुआ. मुकेश ने मुजफ्फरपुर में मसाला उद्योग खोलने के लिए ऋण के लिए तीन वर्ष पूर्व उद्योग विभाग में आवेदन दिया था, पर हर बार उनका आवेदन रिजेक्ट कर दिया जाता रहा. ऋण मुहैया कराने की डिमांड को ले कर मुकेश ने मुजफ्फरपुर के डीएम की गाड़ी के आगे प्रदर्शन और तोड़-फोड़ भी की थी, बाबजूद इसके उनका लोन सेंक्शन नहीं हुआ. हां, उन्हें कुछ दिनों की जेल अवश्य झेलनी पड़ी. जेल से छूटने के बाद मुकेश ने पुन: बैंक-लोन के लिए आवेदन दिया, किंतु नतीजा सिफर रहा. थक-हार कर उन्होंने उद्योग विभाग को धमकी दी कि यदि उनका बैंक-लोन स्वीकृत न हुआ, तो वह आत्महत्या कर लेगा. पटना में उद्योग विभाग और बैंकर्स कमेटी की बैठक में मुकेश सहनी की आत्म हत्या की धमकी मामले पर लंबी चर्चा हुई. बैठक में मुकेश मामले को उद्योग निदेशक पंकज कुमार सिंह ने गंभीरता से लिया और बैंकर्स कमेटी व उद्योग विभाग के नोडल पदाधिकारियों को उनके मामले की गहन समीक्षा कर समाधान निकालने का निर्देश दिया. उद्योग विभाग और बैंकर्स कमेटी की संयुक्त बैठक में समाधान का रास्ता निकालने को ले कर हुई पहल से मुकेश सहनी को बैंक-ऋण स्वीकृति मिली है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >