कटेया : स्थानीय बाजार में जाम की समस्या की अनदेखी वर्षों से की जा रही है. इससे राहगीरों के साथ लोग रोज परेशानी झेल रहे हैं. वहीं, व्यवसाय भी प्रभावित हो रहा है. बाजार में सुबह आठ बजे से शाम पांच बजे तक बड़े वाहनों की नो इंट्री की बात कही जाती है.
लेकिन, सच्चाई यह है कि यहां नो इंट्री के आदेश की खुलेआम धज्जियां उड़ायी जाती हैं. नो इंट्री का बैरियर कबका ध्वस्त कर दिया गया है. इसकी अनदेखी स्थानीय प्रशासन व नगर प्रशासन की ओर से होते आया है. यही वजह है कि बड़े वाहन लेकर चालक पूरे दिन आते-जाते रहते हैं.
वहीं, ठेले व खोमचे वाले किनारे ही नहीं, सड़क पर हीं अपनी दुकानें सजाते हैं. सोमवार को भी लोग जाम में फंस कर पूरे दिन हलकान रहे. ब्लॉक के सामने से भारतीय स्टेट बैंक तक गाड़ियों का तांता लगा रहा. बाजार में महाजाम की वजह व्यवसाय पर असर पड़ने व्यवसायी परेशान दिखे. उनके चेहरे पर गुस्सा साफ झलक रहा था. व्यवसायियों का कहना था कि बाजार में जाम की समस्या के समाधान को प्लान नहीं बनाया गया.
प्रशासनिक अनदेखी के कारण समस्या दिन-प्रतिदिन गंभीर होती जा रही है. उधर, इस बाबत पूछे जाने पर नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी राहुल कुमार द्विवेदी ने बताया कि कटेया में जाम की समस्या बहुत ही जटिल है. इस समस्या को बहुत जल्द दूर किया जायेगा. इसके लिए सारी तैयारी की जा रही है.
