Gaya Junction Pitru Paksha Security : आगामी ऐतिहासिक 'पितृपक्ष मेला-2026' के मद्देनजर गया रेलवे स्टेशन पर देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं और यात्रियों की सुरक्षा, सुगम आवागमन तथा भारी भीड़ नियंत्रण की तैयारियों की उच्च स्तर पर समीक्षा की गई.
पूर्व मध्य रेलवे के डीडीयू मंडल के वरीय मंडल सुरक्षा आयुक्त दिनेश सिंह तोमर ने शुक्रवार को गया जंक्शन का औचक निरीक्षण किया और यहां की सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया.
निरीक्षण के दौरान उन्होंने प्लेटफॉर्म, मुख्य प्रवेश व निकास द्वार, सर्कुलेटिंग एरिया, यात्री प्रतीक्षालय, टिकट काउंटर, फुट ओवरब्रिज (FOB) और यात्रियों के आवागमन वाले अन्य संवेदनशील क्षेत्रों का जायजा लिया.
संभावित भारी भीड़ के दबाव को देखते हुए उन्होंने आरपीएफ (RPF), जीआरपी (GRP) और रेलवे प्रशासन को आपसी तालमेल और कड़े समन्वय के साथ काम करने के कड़े निर्देश दिए. इस दौरान सहायक सुरक्षा आयुक्त गया संजय सिंह, आरपीएफ इंस्पेक्टर प्रभारी गया बनारसी यादव, जीआरपी थानाध्यक्ष शिव कुमार और सीआईबी इंस्पेक्टर चंदन कुमार को भी मौके पर आवश्यक दिशा-निर्देश सौंपे गए.
सीनियर कमांडेंट ने प्लेटफॉर्म पर प्रभावी ड्यूटी रोस्टर लागू करने, संदिग्ध व्यक्तियों व लावारिस वस्तुओं पर पैनी नजर रखने, महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा तथा यात्रियों के सामान की हिफाजत को लेकर विशेष सतर्कता बरतने पर जोर दिया. भीड़ बेकाबू होने या अचानक बढ़ने की स्थिति में त्वरित कार्रवाई करने और जरूरत के मुताबिक अतिरिक्त सुरक्षा बल की तैनाती के निर्देश भी दिए गए.
सीनियर कमांडेंट ने सिटी एसपी के साथ की उच्च स्तरीय बैठक
जंक्शन के निरीक्षण के बाद आरपीएफ के वरीय मंडल सुरक्षा आयुक्त दिनेश सिंह तोमर ने गया के सिटी एसपी अभिनव के साथ एक अहम समन्वय बैठक की. इस उच्चस्तरीय बैठक में गया शहर और रेलवे स्टेशन पर पितृपक्ष के दौरान उमड़ने वाली संभावित श्रद्धालुओं की भारी भीड़, सुगम यातायात व्यवस्था, कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी प्रकार की आकस्मिक स्थिति से प्रभावी ढंग से निबटने पर विस्तार से चर्चा की गई.
बैठक में यह निर्णय लिया गया कि आरपीएफ, जीआरपी, जिला पुलिस और स्थानीय प्रशासन के बीच आपसी सूचनाओं का त्वरित आदान-प्रदान किया जाएगा और किसी भी आपात स्थिति में संयुक्त कार्रवाई को अंजाम दिया जाएगा, ताकि देश के कोने-कोने से आने वाले पिंडदानियों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े.
