Operation Nanhe Farishtey: ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते के तहत रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने गया रेलवे स्टेशन से 11 वर्षीय नाबालिग बच्चे को रेस्क्यू किया. आरपीएफ की टीम ने बच्चे को सुरक्षित आरपीएफ पोस्ट लाकर काउंसलिंग की और इसके बाद रेलवे चाइल्ड हेल्प डेस्क के केसवर्कर को सौंप दिया.
प्लेटफॉर्म नंबर एक के पास डरा-सहमा मिला बच्चा
आरपीएफ की टीम गया रेलवे स्टेशन परिसर में गश्त कर रही थी. इसी दौरान प्लेटफॉर्म नंबर एक के मिडिल एफओबी के पास एक बच्चा डरा और सहमा हुआ मिला. पूछताछ में बच्चे ने अपनी उम्र 11 वर्ष बतायी. उसने बताया कि वह पटना जिले के मसौढ़ी थाना क्षेत्र का रहने वाला है.
घरवालों की डांट से नाराज होकर ट्रेन से पहुंचा गया
आरपीएफ इंस्पेक्टर बनारसी यादव ने बच्चे से गया स्टेशन पहुंचने के संबंध में जानकारी ली. बच्चे ने बताया कि घरवालों की डांट से नाराज होकर वह ट्रेन में बैठ गया और गया पहुंच गया. बच्चे की स्थिति को देखते हुए आरपीएफ टीम ने तत्काल उसे सुरक्षित रेस्क्यू किया और आरपीएफ पोस्ट गया लाकर उसकी काउंसलिंग की.
चाइल्ड हेल्प डेस्क के केसवर्कर को सौंपा
आरपीएफ की ओर से रेलवे चाइल्ड हेल्प डेस्क को बच्चे के मिलने की सूचना दी गयी. काउंसलिंग के दौरान चाइल्ड हेल्प डेस्क के केसवर्कर आकाश कुमार आरपीएफ पोस्ट पहुंचे. इसके बाद उपनिरीक्षक धीरेंद्र कुमार ने बच्चे को सकुशल और सुरक्षित आगे की आवश्यक कार्रवाई के लिए केसवर्कर आकाश कुमार को सौंप दिया.
