मैगरा में सड़क निर्माण एजेंसी के कैंप पर हमले का मामला
गया : गया जिले में लेवी व रंगदारी की मांग को लेकर नक्सली संगठनों द्वारा किये जा रहे ताबड़तोड़ हमलों से परेशान पुलिस ने गया व झारखंड के चतरा जिले में पीपुल्स लिबरेशन फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएलएफआइ) व आरसीसी नामक नक्सली संगठनों के ठिकानों पर छापेमारी की.
इस दौरान लेवी मांगनेवाले चार नक्सलियों को शेरघाटी अनुमंडल इलाकों से गिरफ्तार किया गया. इनमें पंचायत समिति का एक सदस्य भी है. साथ ही, बांकेबाजार पुलिस ने संदेह के आधार पर स्काॅर्पियाे में सवार दो युवकों को गिरफ्तार किया है. उधर, पुलिस ने चतरा इलाके से पीएलएफआइ के दो सहयोगियों को हिरासत में लिया है. सोमवार की रात इन दोनों को लेकर गया पुलिस लौटी.
एसएसपी गरिमा मलिक के निर्देश पर सिटी एसपी रविरंजन कुमार, एएसपी (नक्सल) मनोज कुमार यादव व एएसपी (एसटीएफ) जे जयारेड्डी के नेतृत्व में हुई कार्रवाई में गया जिले के डोभी प्रखंड की अंगरा पंचायत समिति के सदस्य टाटा यादव, सुरेंद्र यादव, विनोद यादव व कपिल यादव को शेरघाटी अनुमंडल क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया. साथ ही, बांकेबाजार इलाके से मिथिलेश यादव व पप्पू यादव को हिरासत में लिया गया है. इनके पास से एक स्काॅर्पियो भी बरामद की गयी है.
पुलिस की पकड़ में आये नक्सलियों से एसएसपी के गोपनीय कार्यालय के टेक्निकल सेल में पोस्टेड पुलिस पदाधिकारी लगातार पूछताछ कर रहे हैं. उनके पास से बरामद मोबाइल फोन के सीडीआर (कॉल डिटेल रेकॉर्ड) के आधार पर नक्सलियों के संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है. सोमवार की देर शाम सिटी एसपी रविरंजन कुमार व उनकी टीम चतरा में छापेमारी करने में जुटी थी. साथ ही, चतरा के वरीय पुलिस पदाधिकारियों से संपर्क स्थापित कर पीएलएफआइ व आरसीसी संगठन से जुड़े प्रमुख नक्सलियों का इतिहास खंगाला.
कई मामलों में संलिप्तता स्वीकारी
एसएसपी गरिमा मलिक ने बताया पीएलएफआइ का सुप्रीमो संतोष यादव व सबजोनल कमांडर मोहन उर्फ ब्रिगेडियर व अारसीसी सुप्रीमो विनोद मरांडी पुलिस की हिस्टलिस्ट में हैं. रविवार की रात मैगरा थाना इलाके में डुमरिया-पटना स्टेट हाइवे के निर्माण में जुटी गैमन इंडिया व खोखर कंपनी के कैंपों पर हमला कर वाहनों में आग लगाने की जिम्मेवारी पीएलएफआइ ने ली है.
जबकि, पटना-डोभी फोरलेन के निर्माण कार्य में जुटी एजेंसी के ठेकेदार से पहले आरसीसी ने लेवी की मांग की थी. अब पीएलएफआइ के नाम पर कुछ युवकों द्वारा लेवी की मांग की जा रही थी. इस मामले में टाटा यादव, सुरेंद्र यादव, विनोद यादव व कपिल यादव को गिरफ्तार किया गया है. लेवी मांगने को लेकर उनके विरुद्ध डोभी थाने में रविवार को प्राथमिकी दर्ज करायी गयी थी. एसएसपी ने बताया कि उपरोक्त चारों नक्सलियों ने कुछ माह पहले करमौनी में सड़क निर्माण कार्य में जुटे ठेकेदार के दो ट्रकों में आग लगा देने की घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है. चारों ने यह भी स्वीकार की है कि पीएलएफआइ के सुप्रीमाे संतोष यादव से संपर्क में रहते थे.
कर्मचारियों से की पूछताछ
मैगरा थाना इलाके में गैमन इंडिया के कैंप पर हमला होने की सूचना पर रविवार की देर रात में ही सिटी एसपी रविरंजन कुमार, एएसपी (नक्सल) मनोज कुमार यादव व उनकी टीम वहां पहुंची और मामले की छानबीन की. साथ ही, पीएलएफआइ द्वारा छोड़े गये परचे को बरामद किया और कैंप में मौजूद कर्मचारियों से पूछताछ की.
