गया : अपर जिला व सत्र न्यायाधीश चतुर्थ जय गणेश सिंह की अदालत ने बाराचट्टी थाना कांड संख्या 352/16 में दो अभियुक्तों बालेश्वर साव व प्रदीप कुमार को आजीवन कारावास की सजा सुनाई. इस मामले के सूचक बाराचट्टी थानाध्यक्ष राजकुमार तिवारी ने अपनी प्राथमिकी में लिखा था कि आठ सितंबर 2016 को कुछ लोग आग्नेयास्त्र व विस्फोटक उग्रवादियों को उपलब्ध कराने के लिए ला रहे थे.
एक उजले रंग का बोलेरो पिकअप वैन बाराचट्टी के पास एनएच-2 पर आता दिखायी दिया. अपराधी दूर से ही पुलिस को देखते ही भागने लगे, जिनमें एक को पकड़ लिया गया. उसने अपना नाम एनामुल हक उर्फ राजा बताया तथा दूसरे का नाम छोटू मियां बताया. पूछताछ करने व गाड़ी की तलाशी लेने पर 414 बंडल डेटोनेटर बरामद किये गये और प्रत्येक बंडल में 25 डेटोनेटर थे. इसके साथ 6500 जिलेटिन ट्यूब भी बरामद की गयी. ये सभी सामान औरंगाबाद ले जाये जा रहे थे.
पुलिस का दावा है कि विस्फोटक को कोडरमा जिले के मरकचो स्थित डेटोनेटर डिपो के गार्ड प्रदीप कुमार व मालिक बालेश्वर साव ने लोड कराया था. अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद दोनों अभियुक्तों को 121 आईपीसी के तहत आजीवन कारावास व 50 हजार रुपये जुर्माना, धारा 120-बी के तहत सात वर्ष की कैद व 50 हजार रुपये जुर्माना, 4/5 एक्सप्लोसिव एक्ट के तहत सात वर्ष की कैद व 50 हजार रुपये जुर्माना व 17 सीएलए एक्ट के तहत तीन वर्ष की कैद व 10 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनायी.
अभियोजन पक्ष की ओर से अधिवक्ता राजीव नारायण व अरुण कुमार मिश्रा ने बताया कि इस मामले में कुल 15 लोगों की गवाही हुई. अदालत ने सजा सुनाने के बाद दोनों अभियुक्तों को जेल भेज दिया.
