दरभंगा : हाइ सिस्मिक जोन में आधा घंटा के भीतर तीन बड़े भूकंप के झटके ने शहरवासियों को अचानक मौत से रूबरू करा दिया. घर-दुकान छोड़कर लोग सड़क पर अपनी जीवन रक्षा को खड़े थे.
दरभंगा टावर के चारों ओर व्यवसायियों एवं आमजनों की इतनी भीड़ जमा हो गयी थी कि वहां से गुजरना भी मुश्किल था. टावर पर यह स्थिति लगभग एक घंटा रही. दरभंगा टावर के चारों ओर बहुमंजिला भवन रहने के कारण भूकंप के पहले झटका के बाद ही अधिकांश व्यवसायी एवं उनके कर्मी सड़क पर आ गये थे.
बस स्टैंड से भागने लगे लोग
भूकंप के दौरान बस से लेकर छोटे वाहनों में कंपन देख कादिराबाद निजी बस स्टैंड, बिहार राज्य पथ परिवहन निगम के डिपो एवं लहेरियासराय बस स्टैंड परिसर में लगे वाहनों पर सवार यात्री उससे उतरकर सड़क पर आ गये.
इस अफरातफरी के माहौल में कई यात्रियों का सामान भी इधर-उधर हो गया. कुछ देर बाद स्थिति सामान्य होने पर यात्री पुन: अपने गंतव्य स्थान की बसों में ही थे कि पुन: भूकंप के झटके से भगदड़ मंच गयी. इस दौरान ऑटो में सवार यात्री भी उतरकर सड़क पर आ गये. स्टैंडों में करीब आधा घंटा तक यात्री से लेकर वाहन चालक किंकर्त्तव्य विमूढ़ की स्थिति में थे. स्थिति सामान्य होने पर लोग अपने गंतव्य स्थान पर विदा हुए.
दोपहर बाद बंद हो गयी अधिकांश दुकानें
लगातार तीन बार भूकंप के झटके से मची अफरातफरी एवं दहशत के कारण दरभंगा टावर सहित शहर की अधिकांश दुकानें दोपहर दो बजे तक ही बंद हो गयी. दरभंगा टावर पर कुछ चुनिंदे दुकानों को छोड़कर सभी छोटी दुकानें बंद हो गयी. बाजार में इक्के-दुक्के लोग ही सड़क पर दिख रहे थे. शिवधारा, कादिराबाद, कटहलबाड़ी, टावर, मिर्जापुर, सिनेमा चौक, बाकरगंज में भी ग्राहकों की कमी देख दुकानदारों ने दुकानें बंद कर ली.
गंगवाड़ा पावर सब स्टेशन की दीवार गिरी
भूकंप के झटके से उत्तर बिहार पावर होल्डिंग कंपनी के दरभंगा ग्रामीण डिविजन के गंगवारा पावर सब स्टेशन परिसर का दीवार गिर गये. ग्रामीण प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता संजय कुमार बैरियो ने बताया कि गौड़ाबौराम में चार पोल झुक गये हैं. इसके कारण उस क्षेत्र में तत्काल विद्युत आपूर्ति बंद कर दी गयी है.
रामनगर ग्रिड से डेढ़ घंटे ठप रही बिजली
भूकंप के कारण रामनगर ग्रिड से करीब डेढ़ घंटे तक जिला में बिजली आपूर्ति नहीं की गयी. नगर विद्युत आपूर्ति प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता सुनील कुमार दास ने बताया कि लक्ष्मीसागर में तीन पोल झुक गये हैं. इससे उस क्षेत्र से जुड़े उपभोक्ताओं की बिजली बंद कर दी गयी है.
