दो साल में मिथिला से दौड़ेंगी राजधानी व शताब्दी एक्सप्रेस

बोले जीएम, चलेंगी इतनी गाड़ियां कि नहीं रहेगी कोई समस्या अक्तूबर तक शुरू हो जायेगा नेपाल तक ट्रेनों का परिचालन रक्सौल-नरकटियागंज रेलखंड माॅनसून के बाद हो जायेगा चालू दरभंगा : मिथिला क्षेत्र में रेलवे के नजरिये से सबसे अधिक विकास की संभावनाएं हैं. पूरे देश में यह एक ऐसा क्षेत्र है, जहां कि काफी काम […]

बोले जीएम, चलेंगी इतनी गाड़ियां कि नहीं रहेगी कोई समस्या

अक्तूबर तक शुरू हो जायेगा नेपाल तक ट्रेनों का परिचालन
रक्सौल-नरकटियागंज रेलखंड माॅनसून के बाद हो जायेगा चालू
दरभंगा : मिथिला क्षेत्र में रेलवे के नजरिये से सबसे अधिक विकास की संभावनाएं हैं. पूरे देश में यह एक ऐसा क्षेत्र है, जहां कि काफी काम होना है. इसकी शुरूआत हो चुकी है. दो वर्ष बाद तसवीर पूरी तरह बदल जायेगी. रेल यात्रियों को किसी तरह की समस्या नहीं रहेगी. यहां से राजधानी तथा शताब्दी सरीखी गाड़ियों का परिचालन होगा. ये बातें पूर्व-मध्य रेल महाप्रबंधक ललित चंद्र त्रिवेदी ने सोमवार को यहां कही. जंक्शन के वार्षिक निरीक्षण के पश्चात दरभंगा हॉल में संवाददाताओं से बातचीत के क्रम में श्री त्रिवेदी ने कहा कि ट्रेनों की किल्लत तथा लेट-लतीफी जैसी समस्याएं दो वर्षों में लगभग पूरी तरह समाप्त हो जायेगी. दोहरीकरण तथा विद्युतीकरण का काम स्वीकृत है. इसपर काम चल रहा है. कार्य के दौरान कुछ व्यवहारिक समस्याएं होती हैं. इसलिए वक्त लगना लाजिमी है.
श्री त्रिवेदी ने कहा कि इस क्षेत्र में रेलवे की ओर से चहुंमुखी विकास हो रहा है. अंतर राष्ट्रीय रेल खंड का निर्माण किया जा रहा है. निर्माण कार्य के बीच के अवस्था में थोड़ी सी समस्या होती है. दो से तीन हजार करोड़ की लागत से इस क्षेत्र में काम चल रहा है. उन्होंने कहा कि पैसे की कोई कमी नहीं है. इस सरकार ने रेलवे को विकास के लिए जितना पैसा दिया है और दे रही है, उतना पूर्व की सरकार में पहले नहीं मिली थी.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >