बेतिया़ : रोगी कल्याण समिति की बैठक बुधवार को एमजेके अस्पताल में जिलाधिकारी लोकेश कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई. बैठक के दौरान अस्पताल की कमियां को दूर करने के लिए चर्चा विमर्श किया गया. बैठक में यह निर्णय लिया गया कि ओपीडी में एक अप्रैल से दो रुपया की जगह मरीजों से पांच रुपया शुल्क लिया जायेगा. साथ ही आपात कक्ष में मरीजों को नि:शुल्क इलाज किया जायेगा.
कल से ओपीडी में दो की जगह लगेंगे पांच रुपये
बेतिया़ : रोगी कल्याण समिति की बैठक बुधवार को एमजेके अस्पताल में जिलाधिकारी लोकेश कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई. बैठक के दौरान अस्पताल की कमियां को दूर करने के लिए चर्चा विमर्श किया गया. बैठक में यह निर्णय लिया गया कि ओपीडी में एक अप्रैल से दो रुपया की जगह मरीजों से पांच रुपया […]

अस्पताल में ऑक्सीजन की कमी नहीं हो. जिसके लिए प्रति माह दस हजार रुपया भुगतान करने का निर्देश दिया गया. अस्पताल में कार्यरत चिकित्सक व स्वास्थ्य कर्मियों को पहचान पत्र निर्माण कराने का निर्णय रोगी कल्याण समिति में उपस्थित अधिकारियों द्वारा ली गयी. एएनएम स्कूल में अस्पताल के रोगी कल्याण समिति की ओर से 24 घंटा बिजली आपूर्ति करने, अस्पताल के सभी वार्डो में विद्युत व्यवस्था ठीक करने का निर्णय लिया गया.
वहीं आईसीयू को जिलाधिकारी से जल्द चालू करने का निर्देश अस्पताल अधीक्षक को दिया. मौके पर अस्पताल अधीक्षक डा अरूण कुमार सिंह, प्राचार्य डा राजीव रंजन प्रसाद, जदयू जिलाध्यक्ष डा एनएन शाही, उपाधीक्षक डा शिवचंद्र भगत, डा अरूण कुमार सिन्हा, डा शंकर रजक, अस्पताल प्रबंधक मो शहनवाज सहित आदि कर्मचारी उपस्थित रहे.
एक अप्रैल से चालू होगा नशा मुक्त केेंद्र
रोगी कल्याण समिति की बैठक के बाद जिलाधिकारी लोकेश कुमार सिंह ने एमजेके अस्पताल में निर्माण हुए नशा मुक्त केंद्र का निरीक्षण किया. निरीक्षण उपस्थित अधिकारियों से व्यवस्था के बारे में जानकारी ली. जिलाधिकारी ने कहा कि एक अप्रैल को हर हाल में नशा मुक्त केंद्र को चालू कर दिया जायेगा. उसके पहले जो भी कमी है, उसे दूर कर लिया जाये.
छावनी व खरपोखरा रेलवे ओवरब्रिज का मिला एनओसी
राज्य सरकार ने दी एनओसी, केंद्र करें अब अपना काम: विधायक
सिटी विधायक मदन मोहन तिवारी ने कहा कि छावनी ओवरब्रिज के एनओसी के लिए काफी हल् ला मचा था. राज्य सरकार ने अब एनओसी दे दी है. अब केंद्र सरकार कितने दिनों में इस ओवरब्रिज का निर्माण कराती है शहरवासियों को अब यह देखना है. केंद्र के जनप्रतिनिधि शहरवासियों में भ्रम नहीं फैला सकते है. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि अगर जरूरत पड़ी तो इस निर्माण के लिए अंशदान भी दी जायेगी.