साठी : चार करोड़ की चरस के साथ डीआरआइ और एसएसबी के हत्थे चढ़े पिता-पुत्र की गिरफ्तारी से एक दिन पहले ही साठी थाने में अपहरण का केस दर्ज हुआ था. परिजन व ग्रामीणों ने अज्ञात वर्दीधारियों पर ध्रुव व इसके बेटे लोरिक को उठा ले जाने का आरोप लगाया था. अब चरस के साथ गिरफ्तारी की बात सामने आने पर ग्रामीण कार्रवाई पर सवाल उठा रहे हैं.
लोरिक के भाई हरकीत के मुताबिक 16 जून की रात उसके पिता व भाई को उठाया गया था. जब वह ग्रामीणों के साथ थाने पहुंच इसकी जानकारी मांगी तो पुलिस ने बताया गया कि उनके थाने से कोई गिरफ्तारी नहीं की गयी. इसको लेकर लोग हंगामा करने लगे.
पुलिस ने 24 घंटे के अंदर मामले का पता लगाने का आश्वासन दिया था. थानाध्यक्ष ने हरकित के दिये गये आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज करते हुए वायरलेस पर इसकी सूचना वरीय पदाधिकारियों को दी. थानाध्यक्ष ने बताया कि इस संदर्भ में एसएसबी ने थाने को कोई सूचना नहीं दी थी. इसके लिए एसएसबी 27 वीं बटालियन के कमांडेट को लिखा जा रहा है.
