बेतिया : पर्यावरण से खिलवाड़ करने का खामियाजा अब सामने आने लगा है. ऐसे में सरकारी एवं गैर सरकारी संगठनों ने पौधरोपण को प्राथमिकता दी है. इसी कड़ी में ग्रामीण कार्य विभाग ने पौधरोपण की एक सशक्त योजना बनाई है. इस योजना में विभाग के अधीन की सड़कों के दोनों किनारे पौधरोपण किया जाएगा. पौधरोपण कराने में 5 किलोमीटर तक की लंबी सड़क पर पौधरोपण कराने के लिए मनरेगा को जिम्मा दिया गया है. जबकि इससे लंबी सड़क के दिनों किनारे पौधरोपण कराने के लिए पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग को जिम्मा सौंपा गया है.
इस बाबत मनरेगा के आयुक्त सीपी खंडूजा ने सभी जिलाधिकारी एवं उप विकास आयुक्त को पत्र भेजकर इस दिशा में पहले करने को कहा है. इस तहत लक्षित सड़कों के चिह्नित करने के साथ-साथ इस पर पौधरोपण कराने की प्रक्रिया शुरु गई है. विभाग से जारी पत्र के मुताबिक जिलावार एवं प्रखंडवार 25 किलोमीटर तक एवं 25 किलोमीटर से अधिक की सड़कों की सूची भी भेजी गई है. विभाग के अधीन प्रखंडों में आने वाली सड़क का 50 फीसद हिस्से में 2019-20 में पौधरोपण कराने को कहा गया है. जबकि शेष 50 फीसद हिस्से में पौधरोपण वित्तीय वर्ष 2020-21 में कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है. पौधरोपण बिना किसी अंतराल के लगातार किया जाना है.
25 किलोमीटर तक की सड़कों के दोनों किनारे पूर्ण पौधरोपण कार्य किसी एक वित्तीय वर्ष 2019-20 या 2020-21 में किए जाने को कहा गया है. जबकि 25 किलोमीटर से अधिक लंबाई की सड़कों पर पूर्ण पौधरोपण कार्य वित्तीय वर्ष 2019-20 में 40 से 50 फीसद एवं शेष पौधरोपण 2020-21 में पौधरोपण कराने पर बल दिया गया है. ताकि पर्यावरण संरक्षण को बल मिलता रहे.
