ऑनलाइन दाखिल-खारिज का शीघ्र करें निष्पादन : डीएम
सीडब्ल्यूजेसी व एमजेसी मामलेमें शीघ्र एसओएफ दायर करनेका दिया निर्देश
बेतिया : जिला पदाधिकारी डॉ. निलेश रामचंद्र देवरे ने ऑनलाइन दाखिल-खारिज के मामलों का निष्पादन निर्धारित समय सीमा के भीतर करने का निर्देश दिया है. इस दौरान समीक्षा बैठक में एसओएफ दायर करने के मामले में बरती गयी लापरवाही, कर्तव्यहीनता के आरोप में डीएम ने मैनाटांड़, नरकटियागंज, लौरिया, बेतिया, बैरिया, भितहां के अंचलाधिकारियों से शोकॉज करने तथा उनका वेतन स्थगित करने का निर्देश दिया. वहीं अंचलाधिकारी, बैरिया के निलंबन की कार्रवाई आरंभ करने का निर्देश दिया. वे बुधवार को राजस्व एवं माननीय उच्च न्यायालय में दायर एमजेसी व सीडब्ल्यूजेसी मामलों की समीक्षा कर रहे थे.
उन्होंने कहा कि जिला के अधिकांश विभागों कार्यालयों से संबंधित माननीय उच्च न्यायालय में रिट याचिका दाखिल किया गया है. जिसमें संबंधित कार्यालयों को एसओएफ दाखिल करना अत्यावश्यक है. उन्होंने कहा कि माननीय उच्च न्यायालय में विचाराधीन सीडब्लूजेसी रिट याचिका के संबंध में तुरंत एसओएफ तैयार कर उनसे अनुमोदन करा लिया जाय और कोर्ट में शपथ पत्र दाखिल कर दिया जाय. ऐसे मामले में जिसमें न्यायालय का आदेश पारित हो गया है उन सभी आदेशों का तीव्र गति से अनुपालन किया जाए.
उन्होंने कहा कि माननीय उच्च न्यायालय में दायर सीडब्लूजेसी एमजेसी मामलों में एक सप्ताह के अंदर शत-प्रतिशत निष्पादन करना अतिआवश्यक है. इस कार्य में किसी भी प्रकार की कोताही, शिथिलता कतई बर्दाश्त नहीं की जायेगी. डीएम ने राजस्व मामलों से संबंधित कार्य प्रगति की भी समीक्षा की. उन्होंने अंचलाधिकारियों को ऑनलाइन म्यूटेशन का त्वरित गति से निष्पादन करने का निर्देश दिया.
डीएम ने सभी एसडीओ, डीसीएलआर को अपने स्तर से माननीय उच्च न्यायालय में लंबित मामलों की समीक्षा करते हुए अनुश्रवण करने का भी निर्देश दिया. बैठक में अपर समाहर्ता नंदकिशोर साह, डीआरडीए के निदेशक राजेश कुमार, जिला आपूर्ति पदाधिकारी अनिल राय के अलावे विभिन्न अनुमंडलों के अनुमंडल पदाधिकारी, डीसीएलआर, अंचलाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी भी मौजूद रहे.
