बक्सर. सरकार का एक करोड़ 58 लाख का सीएमआर दबा कर बैठने वाले इटाढ़ी प्रखंड के तीन मिल मालिकों के खिलाफ प्रशासन ने प्राथमिकी दर्ज करने की कार्रवाई शुरू कर दी है. तीनों मिलरों के खिलाफ बुधवार को इटाढ़ी थाने में नामजद प्राथमिकी दर्ज करायी जायेगी. इससे पूर्व सोमवार को पांडेयपट्टी स्थित भारद्वाज राइस मिल के मालिक समेत दो के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है. सीएमआर जमा नहीं करने वाले राइस मिलरों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज होने की कार्रवाई शुरू होने से हड़कंप की स्थिति है. वरीय उपसमाहर्ता व एसएफसी के जिला प्रबंधक आलोक कुमार ने बताया कि इटाढ़ी स्थित बिंध्यवासिनी मिनी राइस मिल को धान वित्तीय वर्ष 2011-12 में दिया गया था, लेकिन मिल के मालिक विंध्याचल प्रसाद द्वारा 44 लाख का सीएमआर जमा नहीं कराया गया. उन्होंने बताया कि विंध्याचल प्रसाद के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश जारी कर दिया गया है.
वरीय उपसमाहर्ता ने बताया कि इटाढ़ी स्थित बजरंग राइस मिल को भी उपरोक्त वित्तीय वर्ष में धान दिया गया था, लेकिन मिल प्रबंधक ने सीएमआर जमा नहीं किया है. उन्होंने बताया कि मिल के प्रबंधक वीरेंद्र सेठ पर 59 लाख का सीएमआर बकाया है. उन्होंने बताया कि इटाढ़ी स्थित मिनी राइस मिल के संचालक रामाकांत साह पर 38 लाख का सीएमआर बकाया है. उन्होंने बताया कि सभी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने हेतु आदेश जारी कर दिया गया है.
