बक्सर : जिलाधिकारी रमण कुमार ने कहा कि धान की खरीद के मामले में लक्ष्य से अधिक खरीद कैसे हुई और सौ और पचास क्विंटल से ज्यादा धान बेचनेवाले किसानों के मामले की जांच करायी जायेगी. दोषी व्यक्तियों पर कार्रवाई की जायेगी. उन्होंने कहा कि 87 हजार टन धान की खरीद के बदले एक लाख टन से ऊपर धान की खरीदारी किन परिस्थितियों में की गयी, इसकी जांच की जायेगी. उन्होंने कहा कि छोटे किसानों के मामले भी देखे जायेंगे.
इटाढ़ी प्रखंड के बक्सरा केंद्र पर गड़बड़ी उजागर हुई थी और हाइकोर्ट के निर्देश के अनुसार जिले में कार्रवाई की जा रही है. 31 मार्च तक जिन किसानों का बाउचर जमा है, उनका भुगतान किया जायेगा. संवाददाता सम्मेलन में जानकारी देते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि किसान सलाहकार समितियों का गठन 21 को बक्सर अनुमंडल में और 22 को डुमरांव अनुमंडल में किया जायेगा. साथ ही प्रत्येक प्रखंडों में खरीफ फसलों के लिए और बरसाती सब्जियों के लिए उत्पादन बढ़ाने की दिशा में प्रयास चल रहा है. मेंथा की खेती के लिए आवेदन लिये जा रहे हैं और इसके लिए वर्क शाप भी किया जायेगा.
जिला आपूर्ति पदाधिकारी ने बताया कि अनुकंपा समिति की बैठक बुला कर बहालियों को सुनिश्चित किया जायेगा. 140 जन वितरण दुकानें और खोलीं जायेंगी तथा खाद्य सुरक्षा के मामले में भी जिले में काम कराये जायेंगे. जिला परिवहन पदाधिकारी ने बताया कि गाड़ियों में ओवरलोडिंग रोकी जायेगी और ओवरलोडिंग करनेवालों के खिलाफ अभियान चलाया जायेगा. सिंचाई विभाग के अधिकारी ने बताया कि इस वर्ष 4.61 लाख पटवन से वसूली हुई है और पटवन की स्थिति में काफी सुधार हुआ है. लघु सिंचाई विभाग के अधिकारी ने बताया कि विद्युत दोष के कारण बंद दस नलकूपों को दो माह के अंदर चालू करा लिया जायेगा. बिजली विभाग की ओर से कार्यपालक अभियंता ने बताया कि डुमरांव में 50 एमबीए का ट्रांसफॉर्मर 15 अप्रैल तक काम करने लगेगा, जिसके बाद बिजली की समस्या दूर हो जायेगी.
सदर अस्पताल में कुत्ता काटने की दवा खत्म हो गयी है, जिसके लिए सरकार को लिखा गया है. साथ ही चिकित्सा सुविधाएं बढ़ाने का भी संकल्प दोहराया और राष्ट्रीय बाल सुरक्षा योजना के तहत बच्चों की स्वास्थ्य जांच कराने की भी बात की गयी. परवरिश योजना में जहां जिले में जनवरी में उपलब्धि शून्य थी. वहीं, अब 62 लोगों को लाभ दिया जा चुका है. बैठक में सड़क विभाग, पीडब्ल्यूडी तथा सभी विभागों के आलाधिकारी शामिल थे.
प्रधान लिपिकों को दी चेतावनी : जिलाधिकारी ने समाहरणालय कक्ष में जिले भर के प्रधान लिपिकों की बैठक की और कहा कि कारपोरेट जगत की तरह सरकारी कर्मचारी काम करेंगे. उल्लेखनीय है कि इसके पूर्व पिछले वित्तीय वर्ष में भी प्रधान लिपिकों की बैठक हुई थी, जिसमें काम को गति देने का निर्देश दिया गया था. बैठक में खाता बही के लिए आये नये फॉर्मेट की जानकारी जिलाधिकारी ने प्रधान लिपिकों को दी और कहा कि चुस्ती से काम करें.
