नालंदा उद्यान महाविद्यालय को आईसीएआर से मिला ''''''''ए'''''''' ग्रेड

बिहार कृषि विश्वविद्यालय सबौर अंतर्गत संचालित नालंदा उद्यान महाविद्यालय नूरसराय ने भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) द्वारा आयोजित मान्यता प्रक्रिया में इस बार ‘ए’ ग्रेड प्राप्त कर महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है.

बिहारशरीफ. बिहार कृषि विश्वविद्यालय सबौर अंतर्गत संचालित नालंदा उद्यान महाविद्यालय नूरसराय ने भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) द्वारा आयोजित मान्यता प्रक्रिया में इस बार ‘ए’ ग्रेड प्राप्त कर महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है. इस संवध में संस्थान के प्राचार्य डॉ. रंधीर कुमार ने बताया कि यह संस्थान बीएयू का एकमात्र उद्यान महाविद्यालय है, जिसने इस उपलब्धि के साथ अपनी शैक्षणिक गुणवत्ता, अनुसंधान क्षमता एवं संस्थागत सुदृढ़ता का उत्कृष्ट परिचय दिया है. उन्होंने बताया कि आईसीएआर हर पांच वर्ष में देश के कृषि विश्वविद्यालयों का व्यापक मूल्यांकन करता है. इसी क्रम में 16 से 19 फरवरी तक आईसीएआर की पीयर रिव्यू टीम ने बीएयू सबौर का दौरा किया तथा शैक्षणिक उपलब्धियों, आधारभूत संरचना, कार्यक्रमों की गुणवत्ता, अनुसंधान, प्रशासनिक कार्यप्रणाली व नवाचार का मूल्यांकन किया. इस संबंध में महाविद्यालय के जनसंपर्क पदाधीकारी डा विनोद कुमार ने बताया कि सफलता के प्रमुख कारणों में बेहतर शिक्षण व्यवस्था, अनुसंधान, पेटेंट फाइलिंग, प्लेसमेंट, राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय सेमिनार, संगोष्ठियों का आयोजन तथा स्वच्छ एवं हरित परिसर का विकास शामिल है. उन्होने बताया कि महाविद्यालय में स्थापित विश्वस्तरीय स्मार्ट कक्षाएं एवं आधुनिक प्रयोगशालाएं शिक्षण एवं अनुसंधान को नई दिशा प्रदान कर रही हैं. ये सुविधाएं विद्यार्थियों एवं वैज्ञानिकों की आवश्यकताओं को प्रभावी ढंग से पूरा करने के साथ-साथ बिहार के जोन-3 बी क्षेत्र के किसानों के लिए उन्नत तकनीकी प्रशिक्षण, कौशल विकास एवं कृषि नवाचार के प्रसार में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है. महाविद्यालय की इस उपलब्धि में शिक्षकों, वैज्ञानिकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों के सामूहिक प्रयास एवं समर्पण की महत्वपूर्ण भूमिका रही है. सभी ने मिलकर शैक्षणिक गुणवत्ता, अनुसंधान उत्कृष्टता एवं संस्थागत विकास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में अहम योगदान दिया है. ज्ञात हो कि विश्वविद्यालय कि पिछले मान्यता चक्र में विश्वविद्यालय को सी ग्रेड मिला था. अब सीधे ””””””””ए”””””””” ग्रेड तक की छलांग इस बात का संकेत है कि संस्थान ने अपने शैक्षणिक ढांचे, शोध कार्यों और संसाधनों में व्यापक सुधार किया है. ज्ञात हो कि विश्वविद्यालय को हाल ही में राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद द्वारा भी ””””””””ए”””””””” ग्रेड प्राप्त हुआ है जो विश्वविद्यालय एवं इसके महाविद्यालयों की उत्कृष्ट शैक्षणिक गुणवत्ता का प्रमाण है. नालंदा उद्यान महाविद्यालय को आईसीएआर तथा नैक मे ””””””””ए”””””””” ग्रेड मिलने पर विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. डीआर सिंह, डीन एग्रीकल्चर डॉ. एके साह, निदेशक अनुसंधान डॉ. एके सिंह तथा विश्वविद्यालय जनसंपर्क पदाधिकारी डॉ राजेश कुमार सहित अन्य अधिकारियों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए इस सफलता का श्रेय शिक्षकों, वैज्ञानिकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों के सामूहिक प्रयासों को दिया है. उन्होंने बताया कि इस उपलब्धि से विश्वविद्यालय को बेहतर रैंकिंग, अनुसंधान वित्तपोषण एवं संस्थागत विकास के नए अवसर प्राप्त होंगे. इसका लाभ छात्रों एवं किसानों दोनों को मिलेगा. इस अवसर पर विश्वविद्यालय प्राध्यापक डॉ सीएस आज़ाद, तकनीकी प्रकोष्ठ प्रभारी डॉ एसएस सोलंकी, एसोसिएट प्रोफेसर डॉ एसएस सिंह, डॉ एसके चौधरी, डॉ निरू कुमारी, डॉ एपी सिंह सहित अन्य वैज्ञानिकों एवं कर्मचारियों ने इस उपलब्धि का उत्सव मनाया तथा इसे संस्थान के लिए गर्व का क्षण बताया.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By SANTOSH KUMAR SINGH

SANTOSH KUMAR SINGH is a contributor at Prabhat Khabar.

Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >