बिहारशरीफ.
प्रारंभिक सरकारी विद्यालयों में वर्ग एक से आठ तक के छात्र-छात्राओं की वार्षिक मूल्यांकन परीक्षा 10 मार्च से आयोजित की जायेगी. सभी प्रारंभिक स्कूलों में यह परीक्षा शांतिपूर्ण व कदाचारमुक्त वातावरण में आयोजित किया जायेगा. इस संबंध में जिला शिक्षा पदाधिकारी राज कुमार ने बताया कि परीक्षा का आयोजन दो पालियों में किया जायेगा. प्रथम पाली की परीक्षा 10:00 बजे पूर्वाह्न से 12:00 बजे मध्यान्ह तक जबकि द्वितीय पाली की परीक्षा 1:00 बजे से 3:00 बजे अपराह्न तक आयोजित किया जायेगा. जिले में कदाचार मुक्त तथा स्वच्छ वातावरण में परीक्षा का आयोजन किया जायेगा. इसके लिए जिला स्तर से परीक्षा का अनुश्रवण किया जायेगा. उन्होंने बताया कि इस परीक्षा में बच्चों को प्राप्त अंक की जगह ग्रेड प्रदान किया जायेगा. ””””””””ए”””””””” तथा ””””””””बी”””””””” ग्रेड के बच्चों को अच्छा तथा ””””””””सी””””””””,””””””””डी”””””””” और ””””””””ई”””””””” ग्रेड के बच्चों को कमजोर छात्र माना जायेगा. परीक्षा का आयोजन 10 मार्च से 20 मार्च तक दो पालियों में किया जायेगा. परीक्षा में स्वच्छता बनाए रखने के लिए किसी भी शिक्षक को अपने विद्यालय में वीक्षण कार्य करने के लिए नहीं दिया जायेगा. परीक्षा में वीक्षण कार्य के लिए शिक्षकों की अदला- बदली आस पड़ोस के विद्यालयों से कर दी जायेगी. कोई भी शिक्षक अपने विद्यालय में वीक्षण कार्य नहीं करेंगे. परीक्षा संपन्न होने के बाद 20 से 26 मार्च तक बच्चों की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य किया जायेगा. विद्यालय के शिक्षक अपने विद्यालय के छात्र-छात्राओं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन भी नहीं करेंगे. प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी के द्वारा निकटतम निकटतम क्लस्टर रिसोर्स सेंटर (सीआरसी) अथवा संकुल स्तर पर उत्तर पुस्तिकाओं को मूल्यांकन करने की व्यवस्था की जायेगी. सिर्फ पहली तथा दूसरी कक्षा के बच्चों का मूल्यांकन मूल विद्यालय में ही किया जायेगा. बच्चों के प्राप्तांकों को पंजी में संधारित किया जायेगा. इसके साथ ही साथ सभी छात्र-छात्राओं के लिए प्रगति पत्रक भी तैयार की जायेगी. शिक्षक-अभिभावक गोष्ठी का आयोजन : जिले के सभी प्रारंभिक विद्यालयों में 29 मार्च को शिक्षक अभिभावक गोष्ठी का आयोजन किया जायेगा. इसी दिन सभी छात्राओं को उनके अभिभावक के समक्ष प्रगति पत्रक भी वितरित किया जायेगा. जिला शिक्षा पदाधिकारी ने बताया कि शिक्षक- अभिभावक गोष्ठी में ””सी”” , ””डी”” और ””ई”” ग्रेड प्राप्त करने वाले कमजोर बच्चों के विकास के लिए रणनीति पर उनके अभिभावकों के साथ विचार विमर्श किया जायेगा.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
