नालंदा में केवाइपी सेंटर का टीचर निकला ठग : नौकरी और लोन के नाम पर छात्रों से ऐंठे लाखों रुपये, केस दर्ज
नालंदा जिले के सिलाव थाना क्षेत्र में लोन और नौकरी दिलाने के नाम पर छात्रों से लाखों रुपये की ठगी का बड़ा मामला सामने आया है. रामनगर स्थित एक कुशल युवा कार्यक्रम (केवाइपी) केंद्र के प्रधानाध्यापक सह शिक्षक पर धोखाधड़ी के आरोप में सिलाव थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है.
नालंदा (सिलाव). नालंदा जिले के सिलाव थाना क्षेत्र में लोन और नौकरी दिलाने के नाम पर छात्रों से लाखों रुपये की ठगी का बड़ा मामला सामने आया है. रामनगर स्थित एक कुशल युवा कार्यक्रम (केवाइपी) केंद्र के प्रधानाध्यापक सह शिक्षक पर धोखाधड़ी के आरोप में सिलाव थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है.
लोन दिलाने के नाम पर ऐंठे एक लाख रुपये
डुमरी गांव निवासी पीड़ित छात्र नसीब कुमार रामनगर के केवाइपी केंद्र में डीसीए की पढ़ाई कर रहा था. नसीब का आरोप है कि केंद्र के शिक्षक सोनू आर्या उर्फ सोनू ने उसे बैंक से बड़ा लोन दिलाने का झांसा दिया और बातों में फंसाकर करीब एक लाख रुपये ऐंठ लिए. जब काफी समय बीतने के बाद भी न लोन मिला और न पैसे वापस हुए, तो छात्र ने अपने रुपये वापस मांगे. आरोपी शिक्षक पहले तो टालमटोल करता रहा, और बाद में पैसे लौटाने से साफ इनकार कर दिया.
अन्य छात्रों को भी बनाया ठगी का शिकार
आरोपी शिक्षक ने सिर्फ नसीब को ही नहीं, बल्कि कई अन्य छात्रों को भी नौकरी और लोन का लालच देकर अपना शिकार बनाया है. सामने आए तथ्यों के अनुसार, डुमरी गांव के ही मुन्ना कुमार से नौकरी के नाम पर 15 हजार रुपये लिए गए. इसी गांव के चंदन कुमार से भी 25 हजार रुपये की ठगी की गई. पीड़ितों का आरोप है कि शिक्षक सोनू आर्या लंबे समय से छात्र-छात्राओं को इसी तरह झांसा देकर ठग रहा है.
पुलिस ने दर्ज की एफआइआर, जांच शुरू
छात्रों की लिखित शिकायत के आधार पर सिलाव थाना पुलिस ने आरोपी शिक्षक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है. पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और ठगी के इस पूरे नेटवर्क का पता लगाने की कोशिश कर रही है ताकि आरोपी पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सके.