Bihar Election 2020 : सड़क को लेकर गुस्से में शिवसागर के वोटर, रोड नहीं तो वोट नहीं का लगाया बैनर

शिवसागर प्रखंड के आधा दर्जन गांवों में आज भी पक्की सड़क नहीं है. इससे बरसात शुरू होते ही इन गांवों के लोग का संपर्क मुख्य पथ से टूट जाता है.

शिवसागर : प्रखंड के आधा दर्जन गांवों में आज भी पक्की सड़क नहीं है. इससे बरसात शुरू होते ही इन गांवों के लोग का संपर्क मुख्य पथ से टूट जाता है. अभी बारिश के दिनों में इन गांवों में किसी महिला का प्रसव कराना हो या किसी की ज्यादा तबीयत बिगड़ गयी, तो मुख्य सड़क पर जाने के लिए खाट का प्रयोग किया जाता है.

शिवसागर प्रखंड में 16 पंचायतें हैं. इसमें से पांच पंचायत करगहर विधानसभा में, जबकि 11 पंचायत चेनारी विधानसभा में है. इसमें मोहनिया हाइ स्कूल से पितंबरपुर, अउआं गांव से शाहपुर, अउआ-थनुआ पथ अउआं गांव व एनएच-2 से भैरवा गांव के अलावे आधा दर्जन गांवों में जाने के लिए आजादी से अबतक पक्की सड़क नहीं बन पायी है.

पिछले विधानसभा चुनाव के पूर्व भैरवा गांव के सैकड़ों पुरुष महिलाओं ने सड़क निर्माण की मांग को लेकर सड़क जाम व प्रदर्शन किया था. वहीं पितंबरपुर गांव के ग्रामीणों ने भी मुख्य सड़क पर रोड नहीं तो वोट नहीं का बैनर लगाया था.

चुनाव को नजदीक आते देख भैरवा व शाहपुर गांव के अलावे चेनारी व करगहर विधानसभा क्षेत्र के आधा दर्जन ग्रामीण सड़कों का विधायकों द्वारा करीब चार माह पूर्व ही शिलापट लगा शिलान्यास तो कर दिया गया, लेकिन अबतक इन सड़कों के निर्माण कार्य शुरू नहीं होने से ग्रामीणों में काफी आक्रोश है.

ग्रामीण भैरवा के मुन्ना चौधरी, शाहपुर के उमेश सिंह आदि ने कहा कि हर बार वोट का विरोध करने पर आश्वासन मिलता है और चुनाव खत्म होते ही हमारी उपेक्षा शुरू हो जाती है. इस बार हमलोग वर्तमान विधायकों को जवाब देने के लिए तैयार है.

Posted by Ashish Jha

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