आक्रोश. चुंगी वसूली करने वाले एजेंट ने तोड़ा ऑटो का शीशा
यात्रियों को झेलनी पड़ी काफी परेशानी
आरा : अवैध चुंगी वसूली के खिलाफ बुधवार को ऑटोचालकों का गुस्सा फुट पड़ा. चुंगी वसूली करने वाले ठेकेदार के खिलाफ ऑटोचालक विद्रोह पर उतर गये और थाने पहुंच गये. ऑटोचालकों ने थाने का घेराव कर जम कर विरोध प्रदर्शन किया. लगभग घंटे भर तक नवादा थाने के समीप अफरातफरी का माहौल कायम रहा. बाद में नवादा थाना इंस्पेक्टर नेयाज अहमद द्वारा उचित कार्रवाई का आश्वासन दिये जाने पर हंगामा शांत हुआ. बताया जाता है कि बुधवार को चुंगी वसूली कर रहे एजेंट द्वारा अधिक राशि मांगे जाने पर ऑटोचालकों के साथ बहस हो गयी. इसके बाद स्टेशन परिसर में चुंगी वसूली करने वाले एजेंट ने अपने समर्थकों के साथ दो ऑटो का शीशा फोड़ दिया. इस दौरान स्टेशन परिसर में भाग-दौड़ मची रही. दोनों पक्ष आमने-सामने हो गये
और भगदड़ मच गयी. इसके बाद ऑटोचालक आक्रोशित हो उठे और हंगामा करते हुए सीधे नवादा थाने पहुंच गये, जहां दर्जनों की संख्या में रहे ऑटोचालकों ने नारेबाजी शुरू कर दी और एजेंट के खिलाफ कार्रवाई की मांग करने लगे. नवादा थाने के इंस्पेक्टर नेयाज अहमद ने ऑटोचालकों से बात की और एजेंट को बुलाकर मामले की तहकीकात की. इसके बाद दोनों पक्षों के बीच समझौता करा कर मामले को रफा-दफा किया. हालांकि एजेंट द्वारा अधिक वसूली के बाद बरपे हंगामे से शहर में यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा.
तरारी विधायक व माले कार्यकर्ता भी उतरे समर्थन में
ऑटोचालकों के साथ हुई घटना के समर्थन में माले के तरारी विधायक सुदामा प्रसाद भी उतर गये. माले कार्यकर्ता गोपाल प्रसाद के साथ विधायक ऑटोचालकों के साथ नवादा थाने पहुंच गये थे. विधायक ने कहा कि किसी भी कीमत पर अन्याय बरदाश्त नहीं की जायेगी. ऑटोचालकों से निर्धारित शुल्क ही वसूल किया जाये. उन्होंने कहा कि गरीबों के हक की लड़ाई किसी भी हद तक लड़ी जायेगी.
एजेंट द्वारा 10 की जगह 30 रुपये की जा रही थी चुंगी की वसूली
ऑटोंचालकों से 10 रुपये की जगह 30 रुपये चुंगी वसूली की जा रही थी. इसी को लेकर विवाद हुअा. ऑटोचालकों द्वारा निर्धारित 10 रुपये देने की बात कही जा रही थी, जबकि एजेंट 30 रुपये लेने पर अड़े थे. ऑटोचालकों द्वारा जब राशि नहीं दी गयी, तो एजेंट ने ऑटो के शीशे तोड़ दिये, जिससे हंगामा शुरू हो गया. बता दें कि लंबे समय से ऑटोचालक नजायज चुंगी वसूली के खिलाफ आंदोलन कर रहे हैं. बीते दिनों समाहरणालय के समक्ष इसको लेकर धरना-प्रदर्शन भी किया गया था.
