आरा/चरपोखरी : जिले के चरपोखरी थाना क्षेत्र के इटौर गांव में बुधवार की शाम हथियारबंद अपराधियों ने एक किसान को गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया. घटना को अंजाम देने के बाद हथियारबंद अपराधी भाग निकले. घटना के बाद पूरे गांव में तनाव व्याप्त हो गया है.
सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंचकर छानबीन कर रही है. मृतक की पहचान इटौर गांव निवासी रामकृपाल सिंह के पुत्र बबन सिंह के रूप में की गयी. घटना के संबंध में बताया जा रहा है कि बबन सिंह बुधवार की शाम दूध लेकर डेयरी भवन गये हुए थे. तभी घात लगाये अपराधियों ने गोली मार दी. गोली बबन सिंह के पीठ में गर्दन के पास लगी है, जिससे उनकी मौत घटना स्थल पर ही हो गयी. घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया.
बताया जा रहा है कि बबन सिंह के भाई विनोद राय की हत्या सात जुलाई 2018 को गोली मारकर की गयी थी. घटना के बाद बबन सिंह के बयान पर गांव के ही सच्चिदानंद सिंह को नामजद आरोपित बनाया गया था. घटना भूमि विवाद में हुई थी. भाई की हत्या के मुख्य गवाह बबन सिंह थे, जिनकी हत्या बुधवार की शाम गोली मार की गयी है. घटना के बाद गांव में तनाव व्याप्त है. पूरे परिवार में कोहराम मच गया है. परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है. इस संबंध में चरपोखरी थानाध्यक्ष सौरभ कुमार ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है.
तीन भाइयों में मंझले थे बबन सिंह : बताया जा रहा है कि रामकृपाल सिंह के तीन पुत्र हैं, जिनमें बबन सिंह मंझले हैं. बड़े भाई ललन सिंह आरा में रहते हैं. वहीं छोटा भाई विनोद राय की हत्या पिछले वर्ष कर दी गयी थी. घटना को लेकर कई तरह की चर्चाएं हो रही हैं. बहरहाल पुलिस जांच में जुटी हुई है.
मौके पर पहुंची पुलिस शव उठाने का प्रयास कर रही थी लेकिन घटना से गुस्साये लोगों ने शव उठाने से इनकार कर दिया. इस दौरान पुलिस के साथ आक्रोशित लोगों की झड़प हो गयी. आक्रोशित लोगों ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया, जिसमें कुछ पुलिसकर्मियों को हल्की चोटे आयी है. हालांकि घटना की जानकारी मिलते ही वहां पर्याप्त फोर्स की व्यवस्था कर दी गयी है. स्थिति सामान्य है.
चरपोखरी थाना क्षेत्र के इटौर गांव में बुधवार की शाम हुई घटना
10 माह पहले भाई की गोली मारकर हुई थी हत्या
