सुलतानगंज (भागलपुर) से शुभंकर की रिपोर्ट
Sultanganj Shravani Mela Health Camps: श्रावणी मेले के दौरान सुल्तानगंज पहुंचने वाले देश-विदेश के लाखों शिवभक्तों की स्वास्थ्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने व्यापक स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी हैं. कांवरियों के पैदल मार्ग से लेकर गंगा घाटों तक चौबीसों घंटे स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने के लिए एक मजबूत खाका तैयार किया गया है.
सीएचसी में बनेगा मुख्य कंट्रोल रूम
सीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कुंदन भाई पटेल ने बताया कि पूरे मेला क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था की निगरानी के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एक केंद्रीय कंट्रोल रूम स्थापित किया जाएगा. इसके जरिए सभी चिकित्सा शिविरों से पल-पल की रिपोर्ट ली जाएगी और आपातकालीन स्थितियों को तुरंत संभाला जाएगा.
इन 14 प्रमुख जगहों पर लगेंगे शिविर
प्रभारी डॉक्टर ने बताया कि नई सीढ़ी घाट, जहाज घाट, महिला अस्पताल, कृष्णगढ़, शिवनंदनपुर, और नारदपुल कच्ची सड़क पर शिविर संचालित होंगे. इसके साथ ही असियाचक, रामपुर कमराय, धांधी बेलारी कैंप-1 एवं 2, गायत्री मंदिर, तेघड़ा फॉल कच्ची सड़क तथा हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर तिलकपुर में भी 24 घंटे मेडिकल कैंप चालू रहेंगे.
तीन शिफ्टों में तैनात रहेंगे डॉक्टर और कर्मी
सभी 14 स्वास्थ्य शिविरों में निर्बाध सेवा सुनिश्चित करने के लिए डॉक्टरों और कर्मियों की ड्यूटी तीन अलग-अलग शिफ्टों में लगाई गई है. प्रत्येक कैंप में निर्धारित समय सारणी के अनुसार चिकित्सक, एएनएम, पैरामेडिकल स्टाफ और चतुर्थवर्गीय कर्मचारी तैनात रहेंगे, ताकि रात के समय भी कांवरियों को इलाज मिल सके.
ऑक्सीजन और आवश्यक बेड की व्यवस्था
सभी अस्थाई चिकित्सा केंद्रों पर बुनियादी स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत किया गया है. किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए इन शिविरों में मरीजों के लिए बेड, पर्याप्त मात्रा में ऑक्सीजन सिलेंडर, स्लाइन (ग्लूकोज) चढ़ाने की उत्तम व्यवस्था और प्राथमिक उपचार से जुड़े सभी जरूरी संसाधन पहले से ही उपलब्ध कराए जा रहे हैं.
जिला मुख्यालय से मांगी गई 139 प्रकार की दवाएं
विभाग ने दवाइयों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए जिला मुख्यालय को 139 प्रकार की दवाओं की सूची भेजी है. इसमें कांवरियों को सफर के दौरान होने वाली आम समस्याओं जैसे बुखार, सर्दी, खांसी, बदन दर्द, पेट दर्द, डिहाइड्रेशन, एलर्जी और पैरों के छालों व घावों को ठीक करने वाले विशेष मलहम और ओआरएस (ORS) के पैकेट शामिल हैं.
मेडिकल उपकरणों की खेप भी जल्द पहुंचेगी
दवाइयों के अलावा स्वास्थ्य केंद्र की ओर से 44 प्रकार के आवश्यक चिकित्सा उपकरणों की मांग भी भेजी गई है. इसमें सैनिटाइजर, सर्जिकल ड्रम, मेडिसिन ट्रे, बैंडेज और जरूरी रजिस्टर शामिल हैं. विभाग का दावा है कि अगले चार से पांच दिनों के भीतर इन सभी सामग्रियों की पूरी खेप सुलतानगंज पहुंच जाएगी.
Sultanganj Shravani Mela Health Camps: गंभीर मरीजों के लिए एम्बुलेंस सेवा रहेगी मुस्तैद
डॉ. कुंदन भाई पटेल ने स्पष्ट किया कि यदि किसी कांवड़िए की स्थिति गंभीर होती है, तो उन्हें तुरंत बड़े अस्पताल रेफर करने के लिए एम्बुलेंस की पुख्ता व्यवस्था रहेगी. विभाग का एकमात्र लक्ष्य है कि मेले के दौरान किसी भी श्रद्धालु को इलाज के अभाव में परेशानी न हो और उन्हें तुरंत सुरक्षित व गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा मिल सके.
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