-निजी नाव चालकों की मनमाना वसूली पर लगाम लगाने के लिए उठाया गया कदम
विक्रमशिला सेतु पर आवाजाही ठप होने के बाद आपात स्थिति में गंगा पार करने के लिए लोग अब नावों का सहारा ले रहे हैं. जहां यात्रियों की मजबूरी का फायदा उठाकर मनमाना किराया वसूलने की शिकायतें भी सामने आने लगी थीं. आम जनता को इस लूट से बचाने के लिए भागलपुर जिलाधिकारी ने त्वरित संज्ञान लिया है. जिलाधिकारी के आदेशानुसार जिला आपदा प्रबंधन शाखा ने नाव के किराए की आधिकारिक दरें जारी कर दी हैं. प्रशासन ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि कोई भी नाविक निर्धारित दर से एक रुपया भी अधिक नहीं वसूलेगा. यदि कोई नाविक नियमों का उल्लंघन करता पाया जाता है, तो उस पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जायेगी.
– 12 साल से कम उम्र के यात्री का 25 रुपया भाड़ा तय किया गया
बच्चे (12 वर्ष से कम आयु): 25 रुपए प्रति यात्री.वयस्क (12 वर्ष से अधिक आयु): 50 रुपए प्रति यात्री.
मोटर-साइकिल: 50 रुपए प्रति वाहन.साइकिल: 20 रुपए प्रति वाहन.
सुरक्षा का रखा जा रहा ध्यान
जिला प्रशासन ने स्थानीय पुलिस और आपदा प्रबंधन की टीम को विभिन्न घाटों पर तैनात कर दिया है ताकि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और भीड़ को नियंत्रित किया जा सके. इसके साथ ही नावों पर क्षमता से अधिक लोगों को न बैठाने की सख्त हिदायत दी गई है. अधिकारियों का कहना है कि जब तक पुल की मरम्मत पूरी नहीं हो जाती और यातायात बहाल नहीं होता, तब तक यही दरें प्रभावी रहेंगी. यात्रियों से भी अपील की गई है कि वे केवल आधिकारिक दरों पर ही भुगतान करें और किसी भी प्रकार की अवैध वसूली की सूचना तुरंत नियंत्रण कक्ष को दें. यह भी बताया गया कि परिवहन विभाग इस बात पर नजर रख रहा कि नाविक नाव पर क्षमता से अधिक यात्री न बैठाएं.
