जगदीशपुर : प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जगदीशपुर में उस समय अफरा-तफरी मच गयी, जब स्मिता भारती नाम की एक एएनएम अपने स्थानांतरण की कार्रवाई से परेशान होकर छत से कूदने का प्रयास करने लगी. एएनएम के इस कदम से पूरा अस्पताल प्रशासन सकते में आ गया. मौके की नजाकत को देखते हुये अस्पताल के कर्मियों ने आनन-फानन में छत पर चढ़े और किसी तरह से एएनएम को कूदने से रोका और समझा बुझाकर छत से नीचे उतारा.
मामले की सूचना पाकर जगदीशपुर पुलिस भी पहुंची और अस्पताल प्रबंधन और एएनएम से बातचीत की. इसी दौरान पीएचसी प्रभारी डाॅ अरुण कुमार सिन्हा ने सीएस को फोन कर पूरे मामले की जानकारी दी. करीब दो घंटे तक चले गतिरोध पर यह कहकर विराम लगाया गया कि अब आगे की कार्रवाई सीएस के निर्देशानुसार होगी.
मामले को लेकर पीएचसी प्रभारी डाॅ अरुण कुमार सिन्हा ने बताया कि एएनम स्मिता कुमारी के क्रियाकलापों के विरोध में मुखिया सहित तगेपुर के दर्जनों ग्रामीणों ने लिखित आवेदन दिया था. आवेदन के आलोक में तीन सदस्यीय टीम का गठन कर जांच करायी गयी. जांच में टीम के द्वारा ग्रामीणों के आरोपों की पुष्टि की गयी.
जिसके बाद उक्त एएनएम का दूसरे पंचायत में स्थानांतरण कर दिया गया. इस कार्रवाई के विरोध में एएनएम ने छत से कूदने का प्रयास किया. एएनएम ने कहा कि जिन आरोपों के आधार पर उसका स्थानांतरण दूसरे पंचायत में किया गया वह आरोप बिल्कुल निराधार था. अस्पताल प्रशासन के द्वारा राजनीति के तहत मेरे खिलाफ यह कार्रवाई की गयी है. यदि मेरा स्थानांतरण करना ही था, तो पीएचसी मुख्यालय में कर सकते थे, लेकिन गलत कार्रवाई करते हुए इमामपुर तबादला कर दिया गया.
