एकचारी रेलवे स्टेशन से करीब एक किलोमीटर दक्षिण भोलसर गांव के मुख्य मार्ग पर जल जमाव से लगभग एक हजार की आबादी को कीचड़ युक्त पानी से होकर अपने घर जाना पड़ता है. जल जमाव स्थल के करीब ही श्री विक्रमशिला पुस्तकालय है, जहां आसपास के गांव के छात्र-छात्राएं अपनी प्रतियोगिता परीक्षाओं की तैयारी करने आते हैं. उन्हें इसी कीचड़ युक्त पानी में चलकर आना-जाना होता है. आसपास के लोग इस जल जमाव से मच्छरों के प्रकोप को झेलने को मजबूर हैं. करीब तीन-चार साल से यहां के लोग जल जमाव का दंश झेल रहे हैं. इसी रास्ते से लोग जिच्छो-मरोछ पोखर एवं दुर्गा मंदिर भोलसर जाते-आते हैं. जल जमाव से महिलाओं को अपने वस्त्र थोड़ा ऊपर करके चलना पड़ता है, जो शर्मनाक है. मुखिया अर्चना कुमारी ने बताया कि वार्ड 11 में जल जमाव की समस्या है. निराकरण जल्द ही करा दिया जायेगा.
कहते हैं ग्रामीण
करीब एक हजार की आबादी वाले भोलसर गांव की जनता को एकचारी-महागामा मुख्य सड़क पर आने के लिए सालों भर जल जमाव से कीचड़ युक्त पानी से होकर आना-जाना पड़ता है. मच्छरों के प्रकोप से लोग अक्सर बीमार पड़ते रहते हैं.ओम प्रकाश सिंह सेवानिवृत्त ओवरसीयरभोलसर गांव के वार्ड 11 में नाली का कीचड़ युक्त पानी से मुख्य मार्ग पर जाने के लिए गंदा पानी से होकर गुजरना पड़ता है जल जमाव से घर के कुएं व चापाकल में दूषित पानी आता है. लोग दूषित पानी व मच्छरों के प्रकोप से परेशान हैं.-रामस्वरूप प्रसाद सिंह ग्रामीणगांव की बहू होने के नाते सामने श्री विक्रमशिला पुस्तकालय के बाहर ससुर व देवर के बैठे रहने से कीचड़ युक्त पानी में कपड़े को उठा चलना शर्मिंदगी होती है. जिला व स्थानीय प्रशासन से जल निकासी की स्थाई निदान की उम्मीद करती हूंमिली कुमारी,भोलसर
भोलसर के मुख्य मार्ग पर जल जमाव की समस्या है. यहां कई शिक्षण संस्थान, धार्मिक स्थल है. हम लोग नव निर्वाचित विधायक को समस्या निवारण के लिए आवेदन देने की योजना बना रहे हैं और उनसे समस्या के निवारण की उम्मीद कर रहे हैं.-अवध किशोर कुमार, समाजिक कार्यकर्ता, भोलसर
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