Lauriya News: लौरिया. एसकेजी डिस्टिलरी में वर्षों तक काम करने वाले करीब 160 कर्मचारियों के बकाये का अब तक भुगतान नहीं होने से मजदूरों में नाराजगी है. बकाया वेतन, पेंशन और अन्य देय राशि के भुगतान की मांग को लेकर सोमवार को मजदूरों ने नगर पंचायत लौरिया स्थित डिस्ट्रिक्ट बोर्ड के डाकबंगला के समक्ष प्रदर्शन किया. मजदूरों ने लंबे समय से लंबित भुगतान जल्द कराने की मांग उठायी.
बकाया वेतन-पेंशन के भुगतान की मांग पर प्रदर्शन
मजदूरों ने कहा कि एसकेजी डिस्टिलरी में काम करने वाले कर्मचारियों की बकाया राशि लंबे समय से लंबित है. प्रदर्शन के दौरान मजदूरों ने संबंधित स्तर पर पहल कर वेतन, पेंशन और अन्य देय राशि का जल्द भुगतान कराने की मांग की. मजदूरों का कहना था कि लंबे इंतजार के बावजूद उन्हें अब तक राहत नहीं मिली है.
न्यायालय के आदेश के बावजूद भुगतान नहीं होने का आरोप
मजदूर संघ इंटक, एसकेजी डिस्टिलरी के महामंत्री शौकत अली ने कहा कि कर्मचारियों के बकाये के भुगतान के लिए लंबे समय से संघर्ष किया जा रहा है. उनके अनुसार, न्यायालय के आदेश के बावजूद अब तक कर्मचारियों को बकाया राशि नहीं मिली है. उन्होंने कहा कि एक्जिट सेटलमेंट को भी न्यायालय ने स्वीकार नहीं किया था और कर्मचारियों के भुगतान का आदेश दिया गया था.
करीब दो दर्जन कर्मचारियों की हो चुकी है मौत
शौकत अली ने बताया कि करीब 160 कर्मचारियों में लगभग दो दर्जन कर्मचारियों की मौत हो चुकी है. वहीं, कई कर्मचारी वृद्ध और शारीरिक रूप से लाचार हो चुके हैं. इसके बावजूद बकाया राशि का भुगतान नहीं होने से कर्मचारियों और उनके परिवारों को आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
बकाया राशि नहीं मिलने से परिवारों पर आर्थिक दबाव
मजदूरों का कहना है कि वर्षों तक सेवा देने के बाद भी वेतन, पेंशन और अन्य देय राशि का भुगतान नहीं होने से उनके परिवार आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं. खासकर मृत कर्मचारियों के आश्रितों के लिए लंबित भुगतान बड़ी समस्या बना हुआ है. प्रदर्शन के माध्यम से मजदूरों ने जल्द समाधान की मांग की.
मजदूरों और आश्रितों ने जतायी नाराजगी
प्रदर्शन में चंद्रभान चौधरी, तेजनारायण सिंह, रविरंजन राव, ब्रह्म तुरहा, सूर्यनारायण प्रसाद, भोला पासवान, काली तुरहा, रामाश्रय यादव, नथु भगत, रामजी प्रसाद के आश्रित रविशंकर दास, सुनरा देवी, वैद्यनाथ चौधरी और भुखल हजरा समेत अन्य मजदूर व उनके आश्रित मौजूद रहे. सभी ने लंबित बकाये का जल्द भुगतान कराने की मांग की.