डंडारी. बिहार सरकार द्वारा जारी किया गया जन विरोधी बजट को लेकर भाकपा-माले कार्यकर्ताओं ने गुरुवार को डंडारी में सड़क पर उतरकर विरोध मार्च निकाला. साथ ही जनविरोधी बजट की प्रति जलाकर आक्रोश व्यक्त किया. विरोध मार्च विभिन्न चौक-चौराहों से गुजरते हुए डंडारी स्थित पैक्स गोदाम के प्रांगण में पहुंचकर सभा में तब्दील हो गया. सभा की अध्यक्षता रामकुमार तांती ने किया. पार्टी जिला सचिव दिवाकर प्रसाद ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि भाजपा-जदयू सरकार द्वारा जारी किया गया बजट आम लोगो के हित में नहीं है. महंगाई, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार, कृषि संकट, महिलाओं , अल्पसंख्यक समुदाय की सुरक्षा को लेकर बजट में कोई चर्चा तक नहीं है.
बिहार सरकार के बजट को जनविरोधी करार देकर सड़क पर उतरे
बजट में संघर्षरत तबका के मांगों को किसी भी प्रकार का तवज्जो नहीं दिया गया है. उन्होंने यह भी कहा कि कहा कि नितीश – मोदी सरकार किसानों की आय बढ़ाने, कृषि बजार स्थापित करने, फसलों के समर्थन मूल्य बढ़ाने एवं बटाईदारों को पंजीकृत कर उन्हें सरकारी अनुदान का लाभ देने के लिए कोई काम नहीं किया है.आगे उन्होंने आशा, रसोइया, आंगनबाड़ी, जीविका, सफाई मजदूरों सहित ठेका पर काम करने वाले स्कीम वर्कर को सेवा को स्थाई करने और उन्हें 26 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय देने, सभी गरीब परिवार को स्वरोजगार योजना के लिए 2-2 लाख रुपये देने, वास के लिए जमीन उपलब्ध कराने, आवास, रोजगार उपलब्ध कराने ,माइक्रोफाइनेंस कंपनी से मिले महिलाओं के कर्ज को माफ करने, 200 यूनिट बिजली फ्री करने और शोषणकारी स्मार्ट मीटर की बाध्यता को समाप्त करने की मांग की. कार्यकर्ताओं ने मोदी-नितीश सरकार के फासिस्ट शासन के खिलाफ हर स्तर पर जन आंदोलन तेज करने का भी आह्वान किया. कार्यक्रम को भाकपा माले नेता इन्द्रदेव राम, अधिवक्ता एहतेशाम अहमद, नितीश कुमार यादव, संजय ठाकुर, गीता देवी, ,माला देवी सहित अन्य लोगों ने भी संबोधित किया. कार्यकर्ताओं ने सरकार विरोधी नारे भी लगाये.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
