बेगूसराय. कंकौल स्थित सभागार में आयोजित समकालीन कला पर आधारित समूह कला प्रदर्शनी तीसरे दिन आयोजित किया गया. इस अवसर पर बच्चों के बीच आयोजित चित्रकला प्रतियोगिता का समापन एवं पुरस्कार वितरण समारोह संपन्न हुआ. जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी श्याम कुमार सहनी ने प्रदर्शनी की अपार सफलता तथा दर्शकों की लगातार बढ़ती रुचि को देखते हुए इसे एक दिन और बढ़ाने की घोषणा की. अब यह प्रदर्शनी 1 जनवरी को भी आम दर्शकों के लिये खुली रहेगी. प्रदर्शनी में क्षेत्र के उभरते कलाकारों एवं विद्यार्थियों की रचनात्मक प्रतिभा देखने को मिली. विभिन्न माध्यमों और शैलियों में बनी कलाकृतियों ने दर्शकों को समकालीन कला की नवीन सोच और अभिव्यक्ति से परिचित कराया. प्रदर्शनी की सबसे बड़ी विशेषता विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी रही. इस अवसर पर नशा मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत जिला सामाजिक सुरक्षा कोषांग के सहयोग से चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया. प्रतिभागियों ने नशा मुक्ति विषय पर आधारित पेंटिंग के माध्यम से आधुनिक जीवन से जुड़े सामाजिक संदेशों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया. प्रतियोगिता का आयोजन दो आयु वर्गों—जूनियर एवं सीनियर में किया गया. जूनियर वर्ग में प्रथम पुरस्कार संजना भारती (केन्द्रीय विद्यालय), द्वितीय पुरस्कार वैभव आदित्य (डीएवी पब्लिक स्कूल, इटवा) तथा तृतीय पुरस्कार सुप्रिया (डीएवी पब्लिक स्कूल, इटवा) को प्रदान किया गया. वहीं सीनियर वर्ग में प्रथम पुरस्कार फुर्ती फ्रूटी (कृष्णमूर्ति पब्लिक स्कूल), द्वितीय पुरस्कार अर्णव चौहान (सेंट पॉल सीनियर सेकेंडरी स्कूल, बदरपुर) एवं तृतीय पुरस्कार जय (बीआरडीएवी पब्लिक स्कूल इटवा) को दिया गया. समापन समारोह में डिप्टी मेयर अनिता राय एवं जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी श्याम कुमार साहनी द्वारा चित्रकला प्रतियोगिता के विजेता विद्यार्थियों को पुरस्कार प्रदान किया गया तथा प्रतिभागी कलाकारों को स्मृति चिन्ह एवं प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया. इस अवसर पर डिप्टी मेयर अनिता राय ने विद्यार्थियों की कला-प्रतिभा की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार की प्रदर्शनियाँ युवाओं को अपनी रचनात्मक क्षमता को पहचानने और निखारने का सशक्त मंच प्रदान करती है. कार्यक्रम के अंत में जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया. उन्होंने सभी कलाकारों, विद्यार्थियों, अतिथियों, आयोजकों एवं दर्शकों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी इस प्रकार की कला गतिविधियों के आयोजन की आवश्यकता पर बल दिया. समापन समारोह के साथ यह समूह कला प्रदर्शनी एक प्रेरणादायी संदेश छोड़ गयी कि कला केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं बल्कि समाज को जोड़ने और नई सोच को जन्म देने का एक सशक्त साधन भी है. कार्यक्रम में जिले के वरिष्ठ चित्रकार इंद्र मोहन प्रसाद, मनीष कुमार, कौशिक प्रवीण कुमार, मनोज कुमार शाह, राजीव कुमार शर्मा एवं अंकित कुमार समेत अन्य मौजूद थे.
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