बखरी में गैर-संचारी रोगों की विशेष स्क्रीनिंग शुरू, 30 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों की होगी निःशुल्क जांच

Begusarai News : बखरी पीएचसी में 30 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों के लिए गैर-संचारी रोगों की मुफ्त स्क्रीनिंग अभियान शुरू हुआ. समय पर जांच कराकर गंभीर बीमारियों से बचाव करें.

Begusarai News : प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बखरी में बुधवार को गैर-संचारी रोग विशेष स्क्रीनिंग अभियान का विधिवत शुभारंभ अनुमंडल पदाधिकारी सन्नी कुमार सौरव ने फीता काटकर किया. स्वास्थ्य विभाग, बिहार की ओर से राष्ट्रीय गैर-संचारी रोग नियंत्रण कार्यक्रम के तहत यह विशेष अभियान 2 सितंबर से 30 नवंबर तक पूरे बिहार में संचालित किया जाएगा.

बदलती जीवनशैली से बढ़ रहे गैर-संचारी रोग

कार्यक्रम के दौरान प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. दीपक कुमार सिंह ने बताया कि राज्य स्वास्थ्य समिति के निर्देश पर अभियान के तहत आयुष्मान आरोग्य मंदिर, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, अनुमंडल अस्पताल और जिला अस्पतालों में लोगों की स्क्रीनिंग की जा रही है. इसका उद्देश्य बदलती जीवनशैली के कारण तेजी से बढ़ रहे उच्च रक्तचाप, मधुमेह, कैंसर समेत अन्य गैर-संचारी रोगों की समय रहते पहचान और उपचार सुनिश्चित करना है.

अब सीओपीडी और फैटी लीवर की भी होगी जांच

कार्यक्रम के नोडल पदाधिकारी ने बताया कि पहले अभियान के तहत उच्च रक्तचाप, मधुमेह, मुंह का कैंसर, स्तन कैंसर और सर्वाइकल कैंसर की जांच की जाती थी. अब इसमें सीओपीडी, हृदय रोग और फैटी लीवर को भी शामिल किया गया है. इसके अलावा एनीमिया और सिफलिस की भी जांच की जा रही है.

कार्यक्रम की तस्वीर

आशा और एएनएम के माध्यम से हो रही स्क्रीनिंग

उन्होंने बताया कि समुदाय स्तर पर आशा और एएनएम कार्यकर्ताओं के माध्यम से लोगों की स्क्रीनिंग की जा रही है और उनका पंजीकरण पोर्टल पर किया जा रहा है. बिहार में 38 जिला एनसीडी क्लीनिक पहले से संचालित हैं. अभियान के तहत लोगों को गैर-संचारी रोगों की जांच और समय पर उपचार के प्रति जागरूक किया जा रहा है.

Also Read : डंडारी में एक्शन मोड में एसडीओ, कार्यालयों से स्कूल और अस्पताल तक किया औचक निरीक्षण

30 वर्ष से अधिक उम्र के मरीजों की अनिवार्य जांच

डॉ. नवीन ने बताया कि ओपीडी में आने वाले 30 वर्ष से अधिक उम्र के प्रत्येक मरीज की अनिवार्य रूप से स्क्रीनिंग की जाएगी. जांच में रोग की पुष्टि होने पर मरीजों को आवश्यक दवाएं निःशुल्क उपलब्ध करायी जा रही हैं. वहीं, गंभीर मरीजों को बेहतर उपचार के लिए उच्च स्वास्थ्य संस्थानों में रेफर किया जाएगा.

टीबी मरीज को दी गयी निक्षय पोषण किट

कार्यक्रम के दौरान टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत अनुमंडल पदाधिकारी सन्नी कुमार सौरव ने एक यक्ष्मा मरीज को निक्षय पोषण किट प्रदान की. किट में सोयाबीन, बादाम, मूंगफली, अखरोट, हॉर्लिक्स, मखाना समेत पौष्टिक खाद्य सामग्री उपलब्ध करायी गयी.

Also Read : बरौनी में पंचायत परिसीमन को लेकर बैठक, 10 सितंबर तक कार्य पूरा करने का निर्देश

एसडीओ ने लोगों से जांच कराने की अपील की

एसडीओ सन्नी कुमार सौरव ने आम लोगों से अपील करते हुए कहा कि 30 वर्ष से अधिक उम्र के सभी लोग अपने नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर पहुंचकर निःशुल्क जांच अवश्य कराएं. उन्होंने कहा कि गैर-संचारी रोगों की समय पर पहचान और उपचार ही गंभीर जटिलताओं से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय है.

स्वास्थ्य कर्मियों ने कार्यक्रम में किया सहयोग

कार्यक्रम में डॉ. कृष्णानंद, यक्ष्मा पर्यवेक्षक रणधीर कुमार, फार्मासिस्ट प्रभात कुमार, कमलेश कुमार, रोहित कुमार, लेखापाल शशि रंजन, सरिता भारती, निशा कुमारी, डॉ. प्रधान, डॉ. अभिनंदन, राज कुमार यादव, धर्मेंद्र कुमार समेत स्वास्थ्य विभाग के कई कर्मियों ने सहयोग किया.

Also Read : बछवाड़ा में फिर जमींदारी बांध से रिसाव, गंगा का जलस्तर बढ़ने से किसानों की बढ़ी चिंता

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By विकास कुमार

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >