बौंसी. पर्यटन स्थल मंदार पर्वत स्थित रोपवे की सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने गंभीर पहल करते हुए दो दिवसीय प्रशिक्षण सह मॉकड्रिल कार्यक्रम का आयोजन किया. आपात स्थिति में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आयोजित इस कार्यक्रम के पहले दिन मंगलवार को मंदार गेस्ट हाउस में विशेषज्ञों द्वारा विस्तृत तकनीकी प्रशिक्षण दिया गया. कार्यक्रम का आयोजन जिला आपदा प्रबंधन विभाग, बांका शाखा के तत्वावधान में किया गया, इसमें 9वीं वाहिनी राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) बिहटा पटना की टीम ने सक्रिय सहयोग दिया. एनडीआरएफ के विशेषज्ञों ने रोपवे संचालन के दौरान संभावित खतरों, यात्रियों की सुरक्षित निकासी, रेस्क्यू ऑपरेशन और आपदा प्रबंधन के आधुनिक तरीकों पर विस्तार से जानकारी साझा की. प्रशिक्षण सत्र में प्रोजेक्टर के माध्यम से विभिन्न आपात स्थितियों के मॉडल और रेस्क्यू तकनीकों का प्रदर्शन किया गया. जिससे उपस्थित कर्मियों को व्यवहारिक समझ मिल सके. इस मॉकड्रिल के संचालन के लिए एक अधिकारी, तीन सहायक अधिकारी सहित कुल 27 सदस्यीय टीम को जिम्मेदारी सौंपी गयी है. इस मौके पर नोडल पदाधिकारी सह सहायक आपदा प्रबंधक साक्षी कुमारी, रोपवे एवं रिसोर्ट प्राइवेट लिमिटेड कोलकाता के अधिकारी, अंचल अधिकारी कुमार रवि, बीडीओ हर्ष पराशर, अग्निशमन विभाग के पदाधिकारी, स्थानीय थाना की पुलिस बल व अन्य संबंधित विभागों के कर्मी मौजूद रहे. कार्यक्रम का दूसरा और अंतिम दिन आज आयोजित किया जा रहा है, इसमें मंदार रोपवे के लोअर टर्मिनल के पास संयुक्त रूप से वास्तविक परिस्थितियों पर आधारित मॉक अभ्यास किया जायेगा. इस दौरान आपदा की स्थिति बनाकर रेस्क्यू ऑपरेशन का लाइव प्रदर्शन किया जायेगा, ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति में त्वरित और समन्वित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके. प्रशासन की इस पहल को रोपवे यात्रियों की सुरक्षा के लिहाज से एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.
एनडीआरएफ ने सिखाये आपदा से निबटने के गुर
. पर्यटन स्थल मंदार पर्वत स्थित रोपवे की सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने गंभीर पहल करते हुए दो दिवसीय प्रशिक्षण सह मॉकड्रिल कार्यक्रम का आयोजन किया
