Bihar Municipal Strike : डेहरी-डालमियानगर नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी विमल कुमार की एक अगस्त की रात अपराधियों द्वारा की गई नृशंस हत्या के बाद बिहार के नगर निकाय अधिकारियों में भारी आक्रोश है. इसी के विरोध में कटोरिया नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी अनुराग कुमार तथा बिहार नगर सेवा संघ के आह्वान पर रविवार से राज्य के सभी कार्यपालक पदाधिकारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए हैं. अधिकारियों ने इस घटना को प्रशासनिक व्यवस्था की सुरक्षा पर गंभीर सवाल बताया है.
नगर विकास विभाग को भेजा गया मांग पत्र
बिहार नगर सेवा संघ ने अपनी मांगों को लेकर नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव को पत्र भेजा है. महासचिव अरविंद कुमार सिंह की ओर से भेजे गए पत्र में कहा गया है कि इस घटना से पूरे राज्य के कार्यपालक पदाधिकारियों के बीच भय और असुरक्षा का माहौल बन गया है. पत्र में उल्लेख किया गया है कि अधिकारी दिन-रात सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन और आम जनता की सेवा में लगे रहते हैं, ऐसे में उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए.
तीन प्रमुख मांगों पर तत्काल कार्रवाई की मांग
संघ ने सरकार के समक्ष तीन प्रमुख मांगें रखी हैं. पहली, कार्यपालक पदाधिकारी विमल कुमार हत्याकांड की निष्पक्ष जांच कर फास्ट ट्रैक कोर्ट में शीघ्र सुनवाई कराई जाए. दूसरी, मृतक के आश्रित परिवार को पर्याप्त आर्थिक सहायता देने के साथ परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए. तीसरी, राज्य के सभी कार्यपालक पदाधिकारियों को क्षेत्रीय भ्रमण के दौरान पर्याप्त सुरक्षा, बॉडीगार्ड और सरकारी आवास पर सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए.
सुरक्षा मिलने तक जारी रहेगी हड़ताल
बिहार नगर सेवा संघ ने स्पष्ट किया है कि जब तक राज्य सरकार कार्यपालक पदाधिकारियों की सुरक्षा को लेकर ठोस और प्रभावी कदम नहीं उठाती, तब तक राज्यभर के सभी कार्यपालक पदाधिकारी प्रशासनिक और विकास कार्यों से पूरी तरह अलग रहेंगे. संघ ने अपनी मांगों से संबंधित पत्र की प्रतिलिपि मुख्यमंत्री, नगर विकास एवं आवास मंत्री, मुख्य सचिव, सभी प्रमंडलीय आयुक्तों तथा सभी जिलाधिकारियों को भी भेजी है, ताकि इस मामले में शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित हो सके.
