”जल ही जीवन है” का सपना यहां पूरा होने वाला है. बिहार सरकार के सात निश्चत में से चौथा निश्चय ”हर घर नल का जल” के लिए यहां पहल शुरू हो गयी है. इसके अंतर्गत लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग एवं पंचायती राज विभाग द्वारा पूरे जिले में कार्य को अंजाम दिया जाना है. जिले के 185 पंचायतों के करीब 4 लाख 50 हजार घरों में इस योजना के तहत शुद्ध पेयजल पहुंचाया जाना है.
सुभाष वैद्य
बांका : जिला वासियों के लिए एक खुशखबरी है कि यहां के लोगों को अब दूषित पेयजल से छुटकारा मिल जायेगा. जिले के प्रत्येक घरों एवं बसावटों पर रहने वाले लोगों को अब पीने के लिए शुद्ध पेयजल प्राप्त होगा. ”जल ही जीवन है” का सपना यहां पूरा होने वाला है. बिहार सरकार के सात निश्चय में से चौथा निश्चय ”हर घर नल का जल” के लिए यहां पहल शुरू हो गयी है.
इसके अंतर्गत लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग एवं पंचायतीराज विभाग द्वारा पूरे जिला में कार्य को अंजाम दिया जाना है. जिले के 185 पंचायतों के करीब 4 लाख 50 हजार घरों में इस योजना के तहत शुद्ध पेयजल पहुंचाया जाना है. जिसके अंतर्गत पीएचइडी ने वर्तमान में इस योजना के प्रथम फेज की शुरूआत कर दी है. इसके अंतर्गत विभाग प्रथम फेज में फ्लोराइड प्रभावित जिले के 136 पंचायतों में कार्य करेगी. शेष बचे 49 पंचायतों में पंचायती राज विभाग द्वारा काम कराया जायेगा. इस योजना के तहत प्रत्येक घरों में सीधे नल से पेयजल उपलब्ध होगा. जिसके लिए विभाग ने प्रथम फेज में योजना के क्रियान्वयन हेतु मे0 आई0 ई0 एल0 एवियन एवं में एवियन आईईएल, जेभी मेहरौली रोड़, गुड़गांव की दो कम्पनी साथ लगभग 72 करोड़ की राशि का एकरारनामा किया है.
पीएचइडी द्वारा इन प्रखंड़ों में शुरू होगा काम : प्रथम चरण में जिले के 6 प्रखंड़ों में योजना की शुरूआत की जायेगी. इसके अंतर्गत में एवियन आईईएल कंपनी को बांका, धोरैया, कटोरिया, एवं मे. आई ई एल एवियन कम्पनी को बौंसी, बेलहर तथा चांदन प्रखंड के 200 अदद फ्लोराईड प्रभावित बसावटों को इस योजना का कार्य किया जाना है. लोगों को विद्युत चालित मोटर पंप के साथ फ्लोराईड रिमूव ट्रीटमेंट प्लांट के माध्यम से शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जायेगा.
