कटोरिया-बांका र मार्ग पर स्थित करझौंसा का इलाका एक्सीडेंट प्वाइंट बन गया है. करझौंसा से सिहुलिया के बीच एक साल के भीतर घटित अलग-अलग सड़क हादसों में आधा दर्जन लोगों की मौत हो चुकी है. इसके अलावा मोदी टोला, बहदिया, आरपत्थर मोड़, घोरमारा आदि जगहों पर भी सड़क हादसों में कई लोगों की जानें जा चुकी है
ग्रामीणों ने दिखायी सहानुभूति
करझौंसा में दुर्घटना के तुरंत बाद घटनास्थल पर जुटे ग्रामीणों ने इंसानियत का परिचय दिया. ग्रामीणों के सहयोग से ही गंभीर रूप से जख्मी महिला व बच्चे को ऑटो पर लाद कर रेफरल अस्पताल भेजा गया. इसमें ग्रामीण गुड्डु सिंह, निलेश सिंह, सुदीप सिंह, प्रेशंकर सिंह, मुन्ना कुमार, कैलाश यादव, हरि यादव, मनीष कुमार आदि ने सहयोग किया. घटनास्थल से शव को थाना ले जाने में भी ग्रामीणों ने पुलिस पदाधिकारियों का सकारात्मक सहयोग किया. इससे पहले मौके पर जुटे पीडि़त परिजन सड़क जाम का भी बन बना रहे थे.
पहनते हेलमेट तो बच सकती थी जान
सड़क दुर्घटना के शिकार दोनों बाइक चालक में से किसी ने भी हेलमेट नहीं पहनी थी. यदि हेलमेट पहनी होती, तो शायद उनकी जान बचायी जा सकती थी. इलाज का मौका भी मिल सकता था. लेकिन भीषण टक्कर में दोनों बाइक चालकों के सिर में गंभीर चोटें लगी और दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया.
