गर्मी व मशीन के चक्कर में खाताधारी परेशान, दिनभर बैंक में परेशान होने के बाद कई ग्राहक खाली हाथ लौटते हैं घर

बांका : जिले के सबसे बड़े बैंक एसबीआइ की मुख्य शाखा में ग्राहकों की सुविधा का ख्याल नहीं रखा जा रहा है. इससे बैंक ग्राहक खासे नाराज है. बैंक में वृद्ध ग्राहकों की भीड़ माह के अंत से लेकर 10 तारीख तक काफी रहती है. इसी दौरान वृद्ध ग्राहक या सेवानिवृत्त कर्मियों को मुख्य शाखा […]

बांका : जिले के सबसे बड़े बैंक एसबीआइ की मुख्य शाखा में ग्राहकों की सुविधा का ख्याल नहीं रखा जा रहा है. इससे बैंक ग्राहक खासे नाराज है. बैंक में वृद्ध ग्राहकों की भीड़ माह के अंत से लेकर 10 तारीख तक काफी रहती है. इसी दौरान वृद्ध ग्राहक या सेवानिवृत्त कर्मियों को मुख्य शाखा से पेंशन की राशि निकालनी होती है. अमूमन यह देखा गया है कि ज्यादातर ग्राहकों की भीड़ पासबुक अपडेट कराने की रहती है.

इसकी मुख्य वजह यह है कि पहले वृद्ध खाताधारी पासबुक अपटूडेट कराकर यह जानना चाहते हैं कि उनके खाता में पेंशन की राशि या कहीं बाहर से भेजी गयी राशि अब तक आयी है या नहीं. लेकिन जब वो घंटों कतारबद्ध होकर पासबुक अपडेट कराने की मशीन के पास पहुंचते हैं तो पहले उन्हें मशीन के बारे में जानकारी ही नहीं रहती है कि पासबुक कैसे मशीन में डाले या कौन सा ऑप्सन को चुने.
अगर कुछ लोगों को पता भी है तो दिन भर मशीन में कुछ ना कुछ तकनीकी परेशानी होने के कारण अधिकांश लोग बिना पासबुक अपडेट कराये पैसे की निकासी के लिए कतार में खड़े हो जाते हैं और घंटों खड़ा रहने के बाद जब उनकी बारी आती है तो बैंक कर्मी द्वारा यह बताया जाता है कि उनके खाते में अब तक पेंशन की राशि नहीं पहुंची है. इस प्रक्रिया में वृद्ध खाताधारियों का अधिकांश समय बैंकों में ही बीत जाता है. इससे वो अपना दूसरा कोई काम नहीं कर पाते है.
इसकी शिकायत जब खाताधारी शाखा प्रबंधक से करते हैं तो उनका जवाब है कि कर्मियों की कमी के कारण पासबुक अपडेट खाताधारी स्वयं ऑटोमेटिक मशीन से कर पैसे की निकासी करें. मंगलवार को जिले के विभिन्न हिस्सों से खाताधारी पासबुक अपडेट कराने के लिए बैंक पहुंचे थे. लेकिन मशीन के खराब रहने की वजह से उन्हें चिलचिलाती धूप में निराश वापस लौटना पड़ा.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat khabar digital desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >