Aurangabad News : महात्मा ज्योतिबा फुले के रास्ते पर चल कर नये समाज का हो सकता है निर्माण

वंचित समाज के बीच शिक्षा का अलख जागते रहे महात्मा ज्योतिबा फुले

दाउदनगर. वार्ड संख्या नौ स्थित अरविंदो मिशन स्कूल में समाज सुधारक व शिक्षा के अग्रदूत महात्मा ज्योतिबा फुले की 198वीं जयंती संजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में मनायी गयी. अध्यक्षीय भाषण में उन्होंने कहा कि वंचित समाज को शिक्षित बनाने के लिएमहात्मा ज्योतिबा फुले ने बहुत ही कष्ट झेला. ठाकुर मध्य विद्यालय के प्रधानाध्यापक गोपाल प्रसाद गुप्ता ने कहा कि ज्योतिबा फुले जैसा महान पुरुष नहीं होते, तो आज शोषित दलित पिछड़ा, अतिपिछड़ा समाज शिक्षा से वंचित रहते. आज जो बच्चियां या महिलाएं पढ़ लिख रही हैं या फिर पढ़ लिख कर सरकारी सेवा में जा रही हैं. आज उनके रास्ते पर चल कर ही नये समाज का निर्माण किया जा सकता है. भाकपा माले नगर सचिव बिरजू चौधरी ने कहा कि महात्मा ज्योतिबा फुले ने ऐसे समय में शिक्षा का अलख जगाने का काम किया, जिस समय भारत में दो तरह की लड़ाई चल रही थी. एक तरफ भारत को आजाद कराने के लिए जंग ए आजादी की लड़ाई चल रही थी, तो दूसरी तरफ मनुवादियों के खिलाफ सामाजिक बराबरी व शोषित दलित पीड़ितों के मान-सम्मान स्वाभिमान के लिए लड़ाई चल रही थी. वैसी परिस्थिति में चुनौती देते हुए उन वंचित समाज को शिक्षा का अलख जगाने चल दिये. आज भी उनका आदर्श प्रासंगिक है. उनके रास्ते पर चलने की जरूरत है. सहायक शिक्षक विनय प्रसाद, भाकपा माले प्रखंड सचिव चंद्रमा पासवान, प्रखंड सांसद प्रतिनिधि राजकुमार भगत ने भी संबोधित किया. मौके पर सिंपी कुमारी, अंशु कुमारी शामिल थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Panchdev kumar

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >