प्रखंड के गोरडीहां पंचायत के चार वार्डों में लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (पीएचईडी) की नल-जल योजना का कार्य अधूरा रहने से ग्रामीणों की परेशानी बढ़ गई है. वार्ड संख्या 13 के चेथरुआ बिगहा, वार्ड संख्या 9 के तुला बिगहा, वार्ड संख्या 6 के सहकारी नगर और वार्ड संख्या 10 के दरबारी बिगहा में बोरवेल की बोरिंग तो कर दी गई, लेकिन अब तक नल-जल योजना का स्ट्रक्चर तैयार नहीं किया गया है.
बारिश के पानी से भरे गड्ढे बने हादसे का कारण
अधूरे कार्य के कारण बोरवेल के गहरे गड्ढे खुले पड़े हैं. बारिश का पानी भर जाने से ये गड्ढे बेहद खतरनाक हो गए हैं. ग्रामीणों का कहना है कि बच्चों और मवेशियों के इन गड्ढों में गिरने का खतरा लगातार बना हुआ है.
ग्रामीणों ने ठेकेदार और विभाग पर लगाया लापरवाही का आरोप
मुखिया प्रतिनिधि नागेंद्र सिंह ने बताया कि पिछले चार माह से इस समस्या की शिकायत विभागीय अधिकारियों और संवेदक से की जा रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई. उन्होंने आरोप लगाया कि ठेकेदार और पीएचईडी अधिकारियों की लापरवाही के कारण काम अधूरा छोड़ दिया गया है. उन्होंने यह भी बताया कि दो-तीन स्थानों पर भैंस और अन्य मवेशी गड्ढों में गिरकर घायल हो चुके हैं.
टूटी सड़कें भी बनीं परेशानी
ग्रामीणों ने बताया कि नल-जल योजना के तहत पाइप बिछाने और मरम्मत के दौरान कई स्थानों पर पेवर ब्लॉक और पीसीसी सड़कें तोड़ दी गईं, लेकिन अब तक उनकी मरम्मत नहीं कराई गई. इससे लोगों को आवागमन में भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.
एक सप्ताह में काम पूरा करने का आश्वासन
इस संबंध में लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग के सहायक अभियंता गोविंद कुमार ने बताया कि संवेदक के भुगतान से जुड़ी समस्या का समाधान कर दिया गया है. उन्होंने आश्वासन दिया कि गोरडीहां पंचायत के चारों वार्डों में अधूरे नल-जल कार्य, खुले बोरवेल गड्ढों की सुरक्षा और क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत का काम एक सप्ताह के भीतर पूरा करा दिया जाएगा.
