Aurangabad News: जिले के नरारी कला खुर्द थाना क्षेत्र अंतर्गत नवीनगर-बारुण मुख्य पथ पर स्थित मेंह पुल की अत्यंत जर्जर और खस्ताहाल स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है. किसी भी संभावित बड़े हादसे को टालने और पुल को पूर्ण रूप से क्षतिग्रस्त होने से बचाने के लिए भारी और ओवरलोडेड वाहनों के परिचालन पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है. प्रतिबंध को प्रभावी बनाने के लिए पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने मेंह पुल के दोनों छोर पर लोहे के मजबूत सुरक्षा बैरियर लगा दिए हैं.
जर्जर पुल पर हादसे का खतरा
नवीनगर-बारुण मार्ग जिले की लाइफलाइन में से एक है, जिससे होकर 24 घंटे भारी संख्या में यात्री और व्यावसायिक वाहनों का आवागमन होता है. भारी वाहनों के निरंतर दबाव के कारण मेंह पुल का ढांचा दिन-प्रतिदिन कमजोर होता जा रहा था.
नरारी कला खुर्द थानाध्यक्ष रणविजय सिंह ने बताया कि मेंह पुल की स्थिति अत्यंत जर्जर हो चुकी है, जिससे यह भारी ट्रकों और डंपरों का भार सहने में असमर्थ है. पूर्व में रोक लगाए जाने के बावजूद कई चालक रात के अंधेरे में या जबरन भारी वाहन निकाल रहे थे, जिसके कारण दोनों तरफ बैरियर लगाकर रास्ता संकरा किया गया है. बैरियर लगने के बाद भी यदि कोई चालक नियमों का उल्लंघन कर भारी वाहन ले जाने का प्रयास करेगा, तो उसके खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी.
स्थानीय ग्रामीणों ने भी की थी सुरक्षात्मक कदम उठाने की मांग
स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों ने भी प्रशासन द्वारा बैरियर लगाए जाने के फैसले का स्वागत किया है. लोगों का कहना है कि यदि समय रहते भारी वाहनों का आवागमन पूरी तरह बंद नहीं किया गया, तो पुल कभी भी भरभरा कर गिर सकता है, जिससे आवागमन पूरी तरह ठप होने के साथ-साथ जान-माल की भारी क्षति हो सकती है. प्रशासन ने वाहन चालकों और ट्रांसपोर्टरों से अपील की है कि वे सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए भारी वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें.
