औरंगाबाद नगर : सोमवार को सरकार आपके द्वार कार्यक्रम के तहत देव प्रखंड के अति सुदूरवर्ती व नक्सलग्रस्त गांव विष्णुबांध में विकास शिविर सह स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया गया. इसका उद्घाटन डीएम कंवल तनुज, एसपी सत्यप्रकाश, एएसपी अभियान राजेश भारती, एसडीओ सुरेन्द्र प्रसाद, एसडीपीओ पीएन साहू ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया. इस दौरान विभिन्न गांवों से पहुंचे सैकड़ों ग्रामीणों की स्वास्थ्य शिविर में स्वास्थ्य जांच की गयी. साथ ही, उन्हें निशुल्क दवा दी गयी. इसके अलावे इंदिरा आवास, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, आधार कार्ड से संबंधित दस्तावेज को जिला प्रशासन द्वारा इकट्ठा किया गया.
इस दौरान उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए डीएम कंवल तनुज ने कहा कि सरकार व जिला प्रशासन आप सभी ग्रामीणों की सुरक्षा के लिए कृत संकल्पित है. इसी उद्देश्य से इस गांव में पूरे जिले के सभी अधिकारी इकट्ठा हुए हैं, ताकि सरकार द्वारा चलायी जा रही योजनाओं का लाभ लोगों को समय पर दिया जा सके. डीएम ने कहा कि कोई मां-बाप यह नहीं चाहता है कि उनके बेटे व परिजन गोलियों व बंदूकों का जीवन जिये और गोलियों का शिकार हो जाये. लेकिन, कुछ लोग समाज की मुख्य धारा से भटक कर गलत रास्ता अपना लेते हैं. ऐसे लोग मुख्य धारा में लौट जायें. क्योंकि, बंदूक उठाने से परिजनों का विकास तो होगा नहीं, बल्कि पूरा जीवन इधर-उधर जंगल में भटकते हुए बिताना पड़ेगा. बच्चे जब स्कूल ड्रेस पहन कर विद्यालय में ककहारा पढ़ेंगे और पढ़-लिख कर एक अधिकारी बनेंगे, तो देश का विकास होगा. इसके लिए ग्रामीणों से अपील करते हुए डीएम ने कहा कि बंदूक-गोली की जगह अपने बच्चों को कलम पकड़ायें. जो भाई बंधु किसी स्वार्थ व उग्रवाद का रास्ता अपना लिये हैं, वे लोग लौट जायें. हथियार को छोड़ कर आम लोगों की तरह हमारे पास आइये और हम आपकी बात सुनने को तैयार हैं.
वहीं एसपी डाॅ सत्यप्रकाश ने कहा कि सरकार व जिला प्रशासन नक्सलग्रस्त क्षेत्रों में पड़नेवाले गांव को विकास करने के लिए मन बना ली है. अब विकास होने से इस इलाके को कोई रोक नहीं सकता. जो लोग रास्ता भटक कर हथियार उठा लिये हैं, वे लोग आत्मसमर्पण कर दें.
उन्हें सरकार द्वारा दिया जानेवाला मुआवजा, पेंशन सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराया जायेगा. इस दौरान सैकड़ों स्कूली बच्चों के बीच पाठ्य सामग्री व गरीबों के बीच कंबल का वितरण किया गया. इस शिविर में गंजोई, देवा बिगहा, चरैया, भंडारी, पड़रिया सहित अन्य गांवों के लोग भारी संख्या में पहुंचे थे. इसके बाद युवकों के बीच फुटबॉल मैच का भी आयोजन किया गया.
