किसानों ने आगे की रणनीति पर की चर्चा औरंगाबाद (ग्रामीण) उत्तर कोयल नहर संघर्ष समिति के कार्यकर्ताओं ने रविवार को देव तालाब के समीप एक बैठक की. इसकी अध्यक्षता गुप्तेश्वर सिंह ने की. बैठक में पानी के अभाव में मारी गयी फसल और मुआवजे पर गंभीरता से किसानों ने चर्चा की. किसानों का कहना था कि बराज में पानी रहते हुए भी उनकी धान की फसल मारी गयी. झारखंड व बिहार सरकार के बीच पानी के बटवारे को लेकर जो समझौता हुआ था, उसका कोई ख्याल नहीं रखा गया. झारखंड सरकार को चार क्वीसेक पानी लेना है, लेकिन 1500 क्वीसेक पानी लेकर उसे बरबाद कर दिया गया. पानी के अभाव में औरंगाबाद के चार प्रखंड देव, कुटुंबा, मदनपुर व औरंगाबाद में धान की फसल बरबाद हो गयी. किसान मनोज कुमार सिंह ने बताया कि झारखंड सरकार की लापरवाही से फसल बरबाद हुई है. यह मामला हाइकोर्ट तक जा सकता है. बैठक में सर्वसम्मति से किसानों ने निर्णय लिया कि किसानों को मुआवजा मिलना चाहिए और अगर मुआवजा नहीं दिया गया तो हम आगे आंदोलन करेंगे. बैठक में गोकुल सेना के कार्यकर्ता भी शामिल थे. मौके पर राजदेव पाल, योगेंद्र सिंह, भागीरथी सिंह, साधु सिंह, नंदु सिंह, मिथिलेश सिंह, दीनानाथ सिंह, सुरेंद्र चौरसिया, मंटू सिंह आदि शामिल थे.
किसानों ने आगे की रणनीति पर की चर्चा
किसानों ने आगे की रणनीति पर की चर्चा औरंगाबाद (ग्रामीण) उत्तर कोयल नहर संघर्ष समिति के कार्यकर्ताओं ने रविवार को देव तालाब के समीप एक बैठक की. इसकी अध्यक्षता गुप्तेश्वर सिंह ने की. बैठक में पानी के अभाव में मारी गयी फसल और मुआवजे पर गंभीरता से किसानों ने चर्चा की. किसानों का कहना था […]
