Arwal News : अरवल जिले में विद्यार्थियों की शैक्षणिक समस्याओं, शिकायतों और सुझावों के त्वरित समाधान के लिए जिले के 23 विद्यालयों में विद्यार्थी सहयोग शिविर का आयोजन किया गया. राज्य सरकार के निर्देश पर आयोजित इन शिविरों में छात्रों की समस्याओं को गंभीरता से सुनने और उनके समयबद्ध निष्पादन के लिए जिला स्तर से संस्थान स्तर तक पदाधिकारियों और पुलिस अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गयी थी.
डीएम ने कॉलेज पहुंचकर छात्रों से किया संवाद
जिला पदाधिकारी अमृषा बैंस ने राजकीय डिग्री कॉलेज में आयोजित विद्यार्थी सहयोग शिविर का निरीक्षण किया. उन्होंने शिविर की व्यवस्थाओं का जायजा लेने के साथ छात्र-छात्राओं से सीधे बातचीत की. इस दौरान विद्यार्थियों से उनकी पढ़ाई से जुड़ी समस्याओं, शिकायतों, सुझावों और अन्य जरूरतों की जानकारी ली.
डीएम ने विद्यार्थियों को भरोसा दिलाया कि उनकी समस्याओं और सुझावों को गंभीरता से लिया जाएगा. संबंधित विभाग और पदाधिकारी के माध्यम से नियमानुसार उनका जल्द समाधान कराया जाएगा. उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे अपनी समस्याओं को स्पष्ट रूप से शिविर में रखें, ताकि उनका प्रभावी निराकरण किया जा सके.
पोर्टल पर हर शिकायत की होगी निगरानी
निरीक्षण के दौरान डीएम ने विद्यार्थी सहयोग पोर्टल पर शिकायतों और सुझावों की प्रविष्टि तथा उनके निष्पादन की प्रक्रिया की भी जानकारी ली. उन्होंने अधिकारियों और कर्मियों को निर्देश दिया कि पोर्टल पर प्राप्त प्रत्येक शिकायत की सही और पूरी जानकारी दर्ज की जाए.
उन्होंने स्पष्ट किया कि शिविर में मिली किसी भी शिकायत को नजरअंदाज नहीं किया जाए. हर मामले को संबंधित विभाग या अधिकारी के पास भेजने के साथ उसके निष्पादन की नियमित निगरानी की जाए. साथ ही विद्यार्थियों को उनके आवेदन पर हुई कार्रवाई की जानकारी भी दी जाए.
शिकायत लेना ही नहीं, समाधान करना उद्देश्य
डीएम ने कहा कि विद्यार्थी सहयोग शिविर छात्रों की समस्याओं को सीधे प्रशासन तक पहुंचाने का प्रभावी माध्यम है. इसका उद्देश्य सिर्फ शिकायतें दर्ज करना नहीं, बल्कि उनका समाधान कर विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक माहौल उपलब्ध कराना है.
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी, संवेदनशील और विद्यार्थी केंद्रित हो तथा शिकायतों के निपटारे में किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी नहीं हो. निरीक्षण के दौरान संबंधित पदाधिकारी, पुलिस अधिकारी, कॉलेज के प्राचार्य, शिक्षक और अन्य कर्मी मौजूद रहे.
